
गोंडा जिले में भ्रष्टाचार पर शिकंजा कसते हुए एंटी करप्शन टीम ने शुक्रवार को एक राजस्व निरीक्षक को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ लिया। आरोपी निरीक्षक किसान से जमीन पैमाइश की रिपोर्ट लगाने के नाम पर पैसे मांग रहा था। शिकायत के बाद टीम ने योजना बनाकर उसे दबोच लिया। इस कार्रवाई से सरकारी महकमों में हड़कंप मच गया है।
गोंडा जिले के कर्नलगंज तहसील के गांव शाहपुर धनवा में तैनात राजस्व निरीक्षक संजय शुक्ला ने किसान रामकुमार से उसकी जमीन की पैमाइश कर रिपोर्ट लगाने के लिए 10 हजार रुपये की मांग की थी। किसान ने इतनी बड़ी रकम देने से इंकार करते हुए सीधे एंटी करप्शन थाने, देवीपाटन मंडल में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एंटी करप्शन टीम ने इंस्पेक्टर राम सहाय यादव के नेतृत्व में जाल बिछाने की योजना बनाई।
निर्धारित समय पर किसान ने निरीक्षक को रिश्वत की रकम देने के लिए बुलाया। जैसे ही राजस्व निरीक्षक ने 10 हजार रुपये की नकदी हाथ में ली। मौके पर मौजूद एंटी करप्शन की टीम ने उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद निरीक्षक से रकम बरामद कर पूरी कार्रवाई की गई।
टीम ने पकड़े गए राजस्व निरीक्षक संजय शुक्ला को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। इसके साथ ही आरोपी के खिलाफ देहात कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई गई है। अधिकारियों का कहना है कि रिश्वतखोरी के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। किसी भी सरकारी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा।