गोंडा में पुलिस ने बकरी चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। उनके पास से छह बकरियां, दो स्कॉर्पियो गाड़ियां और नकदी बरामद हुई। गिरोह रात में चोरी करता था।
गोंडा जिले में लगातार बढ़ रही बकरी चोरी की घटनाओं का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। वजीरगंज पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त कार्रवाई में अंतरजनपदीय गिरोह के चार शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया गया। इनके कब्जे से छह चोरी की बकरियां, दो स्कॉर्पियो वाहन और 23,800 रुपये नकद बरामद हुए हैं। गिरोह रात में रेकी कर वारदात को अंजाम देता था।
गोंडा जिले में बीते कुछ दिनों से अलग-अलग थाना क्षेत्रों में बकरी चोरी की घटनाएं लगातार सामने आ रही थीं। जिससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया था। इन घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए थे। इसके बाद अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी राधेश्याम राय के निर्देशन में वजीरगंज पुलिस, एसओजी और सर्विलांस टीम की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान चलाया और संदिग्ध व्यक्तियों पर नजर रखी। साथ ही खुफिया सूचनाओं के आधार पर लगातार कार्रवाई की गई। इसी दौरान पुलिस को सफलता मिली। दुर्जनपुर घाट से कोडर जाने वाले मार्ग पर चार शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रफीक, शकील, शमसुद्दीन और रहीश के रूप में हुई है।
पुलिस ने इनके कब्जे से छह चोरी की बकरियां, वारदात में इस्तेमाल की गई दो स्कॉर्पियो गाड़ियां और 23,800 रुपये नकद बरामद किए हैं। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे संगठित गिरोह के रूप में काम करते थे। रात के समय गांवों में घरों के बाहर बंधी बकरियों की रेकी कर चोरी की घटनाओं को अंजाम देते थे। गिरोह चोरी की गई बकरियों को बाराबंकी और बहराइच की पशु मंडियों में बेच देता था। या फिर उन्हें काटकर मांस के रूप में बेचकर मोटा मुनाफा कमाता था। आरोपियों ने हाल ही में करनैलगंज क्षेत्र से 10 बकरियां चोरी कर लगभग 50 हजार रुपये में बेचने और तरबगंज क्षेत्र से 9 बकरियां चोरी कर उनका मांस बेचने की बात भी कबूल की है। फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर उन्हें न्यायालय में पेश कर दिया है। साथ ही गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों और घटनाओं की गहन जांच की जा रही।