जिलाधिकारी और एसएसपी ने कई गैस एजेंसियों पर जाकर की जांच, डीएम ने कहा जिले में गैस की कोई किल्लत नहीं। गैस एजेंसियों के गोदामों पर पुलिस तैनात है, किसी भी तरह से अफवाह फैलाने वालों पर होगी कठोर कारवाई।
जनपद में घरेलू गैस की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था को पारदर्शी एवं सुचारु बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। इसी क्रम में जिलाधिकारी दीपक मीणा और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ ने गुरुवार को मोहद्दीपुर स्थित सुशीला गैस एजेंसी तथा ट्रांसपोर्ट नगर स्थित गंगा गैस गोदाम का औचक निरीक्षण जिला पूर्ति अधिकारी रामेंद्र प्रताप सिंह के साथ किया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने गैस गोदामों में उपलब्ध स्टॉक, गैस सिलेंडरों की आपूर्ति तथा उपभोक्ताओं को किए जा रहे वितरण की पूरी स्थिति की गहन जानकारी ली। डीएम दीपक मीणा ने एजेंसी संचालकों से स्पष्ट रूप से पूछा कि आज कितने गैस सिलेंडर गोदाम पर आए, कितने सिलेंडरों का वितरण किया गया और वर्तमान में कितना स्टॉक शेष है।
उन्होंने कहा कि गैस वितरण की पूरी प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए और किसी भी उपभोक्ता को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। जिलाधिकारी ने एजेंसी संचालकों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि जिन उपभोक्ताओं ने गैस बुक कराई है, उन्हें समय से गैस उपलब्ध कराई जाए और अधिक से अधिक होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए।
डीएम ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि किसी भी एजेंसी द्वारा अवैध तरीके से गैस सिलेंडर की बिक्री या वितरण में अनियमितता पाई गई तो संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन गैस वितरण व्यवस्था पर लगातार निगरानी बनाए हुए है और किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. कौस्तुभ ने भी सुरक्षा और कानून व्यवस्था को लेकर आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि जनपद के सभी गैस गोदामों पर पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि कहीं भी अव्यवस्था या कालाबाजारी की स्थिति उत्पन्न न हो सके। एसएसपी ने बताया कि जनपद के 87 गैस गोदामों पर पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है जिससे वितरण प्रक्रिया शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संचालित हो सके।
वहीं जिलाधिकारी दीपक मीणा ने बताया कि जनपद के सभी 87 गैस गोदामों के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारी भी नियुक्त किए गए हैं। ये नोडल अधिकारी गैस वितरण की पूरी प्रक्रिया की निगरानी करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अनियमितता न हो। उन्होंने कहा कि सभी स्थानों पर टोकन व्यवस्था के माध्यम से गैस का वितरण कराया जाएगा ताकि उपभोक्ताओं को लाइन में अव्यवस्था का सामना न करना पड़े।
डीएम ने स्पष्ट किया कि टोकन प्रणाली के तहत जो उपभोक्ता पहले गोदाम पर आएगा उसे पहले गैस सिलेंडर मिलेगा और बाद में आने वाले उपभोक्ताओं को क्रम के अनुसार गैस दी जाएगी। इससे वितरण प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहेगी और किसी प्रकार की धक्का-मुक्की या विवाद की स्थिति उत्पन्न नहीं होगी।
जिलाधिकारी ने यह भी बताया कि जनपद में गैस की पर्याप्त उपलब्धता है और किसी भी उपभोक्ता को परेशान होने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रशासन लगातार गैस कंपनियों और एजेंसियों के संपर्क में है और जरूरत के अनुसार सिलेंडरों की आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है।
डीएम दीपक मीणा ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि लोग केवल अपनी जरूरत के अनुसार ही गैस की बुकिंग कराएं और अनावश्यक रूप से अधिक सिलेंडर लेने का प्रयास न करें। उन्होंने कहा कि घबराहट या अफवाहों के कारण यदि लोग अधिक मात्रा में गैस बुक कराते हैं तो इससे वितरण व्यवस्था प्रभावित हो सकती है।
उन्होंने लोगों से यह भी आग्रह किया कि किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और पैनिक क्रिएट करने से बचें। प्रशासन की ओर से गैस आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और सभी उपभोक्ताओं को गैस उपलब्ध कराई जा रही है।
जिलाधिकारी ने सख्त लहजे में कहा कि यदि कोई व्यक्ति गैस को लेकर अफवाह फैलाता हुआ पाया गया या वितरण व्यवस्था में बाधा डालने की कोशिश करता है तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ऐसे मामलों पर कड़ी नजर बनाए हुए है।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने गोदामों में रखे गैस सिलेंडरों की संख्या, रिकॉर्ड रजिस्टर, वितरण सूची और होम डिलीवरी व्यवस्था की भी जांच की। उन्होंने एजेंसी संचालकों को निर्देश दिया कि गैस वितरण से संबंधित सभी रिकॉर्ड नियमित रूप से अपडेट किए जाएं और प्रशासन को समय-समय पर जानकारी उपलब्ध कराई जाए।
जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के औचक निरीक्षण से गैस एजेंसियों में हड़कंप की स्थिति देखने को मिली। वहीं प्रशासन की सख्ती के बाद गैस वितरण व्यवस्था को लेकर उपभोक्ताओं में भी भरोसा बढ़ा है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जनपद में गैस वितरण व्यवस्था को पूरी तरह व्यवस्थित, पारदर्शी और उपभोक्ता हित में संचालित किया जाएगा।