
भारत बंद के समर्थन में सोमवार को समाजवादी पार्टी ने तहसील मुख्यालयों पर धरना-प्रदर्शन किया। सपाईयों ने बढ़ती महंगाई, कानून व्यवस्था सहित कई मुद्दों को लेकर धरना प्रदर्शन के बाद राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन भी सौंपा।
सपा जिलाध्यक्ष प्रहलाद यादव की अगुवाई में सदर तहसील कार्यालय पर सुबह से ही सपाईयों का आना शुरू हो गया था। धरना दे रहे सपा नेताओं का आरोप था कि केंद्र की बीजेपी सरकार को जनता ने महंगाई कम करने, कानून व्यवस्था को दुरूस्त करने, भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने के लिए वोट किया था। लेकिन केंद्र और प्रदेश की बीजेपी सरकार हर मोर्चे पर फेल है। सपाइयों का कहना था कि देश में आपातकाल जैसी स्थिति हो गई है। गरीब-कमजोर, मजदूर, व्यापारियों, दलितों को दबाया जा रहा है। किसानों के साथ बीजेपी सरकार सौतेला व्यवहार कर रही है। वक्ताओं ने कहा कि बीजेपी के शासनकाल में महंगाई अपने चरम पर है। मध्यमवर्ग महंगाई के बोझ तले दबा हुआ है। बेरोजगार सड़कों पर हैं। नौकरियों का आश्वासन देकर उनको बरगलाया जा रहा।
सपाइयों ने राज्यपाल को संबोधित 18 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा।
इस एकदिवसीय धरने में महानगर अध्यक्ष जियाउल इस्लाम, चंद्रबली यादव, अवधेश यादव, रजनीश यादव, विजय बहादुर यादव, जफर अमीन डककू, अभिमन्यू यादव, संजय पहलवान, नगीना साहनी, राघवेंद्र तिवारी राजू, संजय यादव, जितेंद्र यादव, रौनक श्रीवास्तव, ओपी यादव, विनोद यादव, कपिलमुनि यादव, अखिलेश यादव, जनार्दन चैधरी, मुन्ना यादव, रमेश यादव, त्रिलोकी यादव, मनमोहन यादव, महेंद्र शर्मा, हीरालाल यादव, पार्षद शाहाब अंसारी, राजकुमारी देवी, अवधेश यादव, नौशाद खान, सिंहासन सिंह यादव, अशोक चैधरी, हाजी शकील अंसारी, अशोक यादव, विश्वजीत त्रिपाठी, लालबहादुर पासवान, उर्मिला देवी, अख्तर, राहुल गुप्ता, राजन यादव, करूणेश त्रिपाठी, विकास यादव, राजेश यादव, इस्लामुद्दीन, पुजारी यादव, अजय मिश्र, सच्चिदानंद यादव, अवधेश पांडेय, चंद्रभान प्रजापति, नमिता सिंह, जावेद खान, सुनील यादव, अनिल पासवान, मैना भाई, प्रमोद यादव, विश्वनाथ विश्वकर्मा, आजम लारी, चर्चिल अधिकारी आदि मौजूद रहे।