गोरखपुर जिले के चौरीचौरा से भाजपा विधायक सरवन निषाद को जान से मारने की धमकी मिली है। यह धमकी जेल से दी गई। विधायक ने सोशल मीडिया पर इस बारे में पोस्ट किया है। सरवन निषाद 'निषाद पार्टी' के राष्ट्रीय अध्यक्ष व योगी सरकार में मंत्री डॉ संजय निषाद के बेटे हैं।
प्रदेश में इन दिनों BJP में फिलहाल सब कुछ ठीक नहीं है। बीजेपी के संगठन और सरकार में ही ठनी हुई है। पूर्व मंत्री फतेह बहादुर सिंह के बाद अब गोरखपुर जिले से ही विधायक श्रवण निषाद ने जताई हत्या की आशंका। श्रवण निषाद ने बीजेपी के सिंबल पर चुनाव लड़ा था। निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद के बेटे श्रवण निषाद को जान से मारने की धमकी मिली है. यूपी में बदलती सियासत के बीच एक और बड़ा विवाद सामने आया है। भाजपा विधायक फतेह बहादुर सिंह के बाद यह दूसरे विधायक का आरोप है। बता दें कि दोनों विधायक सीएम योगी के गृह जनपद से ही आते हैं।
योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने बताया कि अगर खतरा नहीं था तो सुरक्षा क्यों दी गई थी। बकायदा खतरे की एफआईआर भी है। फिर भी सुरक्षा हटा ली गई। मैंने इस बात को लेकर सीएम योगी से बातचीत भी की थी।उन्होंने कहा था कि हम देखेंगे, मगर अभी तक कुछ नहीं हुआ।
अधिकारी चाहते है कि निषाद नाराज हो जाए, इसी बीच समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ प्रवक्ता ने कहा कि ये गोरखपुर की स्थानीय लड़ाई है। योगी जी की लोकसभा सीट पर ही उनके भाई प्रवीण निषाद जीते थे।अच्छा है इसी बहाने जनता के सामने सब खुलकर आ रहा है।विधायक श्रवण निषाद ने प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए है। विधायक ने कहा कि मेरी जान को खतरा होने के बावजूद प्रशासन ने सुरक्षा हटाई है। सुरक्षा हटाकर प्रशासन मेरे खिलाफ साजिश कर रहा है। मुझे पहले भी जान से मारने की धमकी मिल चुकी है।
चौरी चौरा से विधायक श्रवण निषाद को पहले भी 2022 में जान से मारने की धमकी मिली थी। 2022 में विधायक के समर्थक सुधीर के पास एक कॉल आया था। कॉल में बात करने वाले ने कहा था कि मैं जेल से धर्मवीर यादव बोल रहा हू।चौरी चौरा के विधायक की हत्या करवाना चाह रहे है। सुधीर के जानकारी देने पर विधायक श्रवण निषाद ने तीन सितंबर की रात चौरी चौरा थाने में धर्मवीर यादव के खिलाफ धमकी देने का मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमा दर्ज होने के बाद से ही चौरी चौरा के विधायक श्रवण निषाद की सुरक्षा बढ़ा दी गई थी।