
रियाद। महामारी कोरोना वायरस (Coronavirus) के कारण इस साल हज यात्रियों को निराशा हाथ लगी है। सऊदी अरब (Saudi Arab) में इस साल केवल 1000 मुस्लिम तीर्थयात्री ही हज कर पाएंगे। दुनियार में मुस्लिम समुदाय हर साल हज की विशेष तैयारियां करते हैं। यह यात्रा 29 जुलाई से शुरू होगी। एक हजार तीर्थयात्रियों (Haj Pilgrimage) में सऊदी अरब से बाहर का कोई नहीं होगा। देश में पहले से रह रहे विभिन्न राष्ट्रीयताओं वाले मुस्लिमों को इस बार हज के लिए अनुमति दी गई है।
हर साल पवित्र शहर मक्का में इन दिनों करीब 25 लाख लोग तीर्थयात्रा के लिए आते थे। इस साल कोरोना महामारी के कारण नियमों में बदलाव किया गया है। नए नियमों के अनुसार, 65 साल से कम उम्र के लोग हज यात्रा पर जा सकेंगे और इस दौरान उन्हें कोई भी गंभीर बीमारी नहीं होनी चाहिए।
हज का समय चांद दिखने के आधार पर निर्धारित किया जाता है। बीते महीने सऊदी अरब ने बहुत सीमित लोगों के साथ हज यात्रा शुरूआत करने के लिए कहा था। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार,अरब गल्फ राज्यों में सबसे ज्यादा कोरोना के मामले सऊदी अरब में सामने आए हैं। सऊदी में अबतक 2,53,349 कोरोना मामलों की पुष्टि हुई है। वहीं 2,523 लोगों की अब तक मौत हुई है।
हज अधिकारियों अनुसार इस बार सीमित 1000 तीर्थयात्रियों को हज पर जाने की अनुमति होगी। वो भी जो पहले से ही सऊदी में रह रहे हैं। इसमें से 70 प्रतिशत विदेशी हैं और बाकि यहां के स्थानीय निवासी हैं। इससे पहले कई मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया था कि 10 हजार लोगों को इस यात्रा के लिए अनुमति मिल सकती है।