हनुमानगढ़. जल परामर्शदात्री समिति की बैठक गुरुवार को हुई। इसमें इंदिरागांधी नहर के रेग्यूलेशन पर चर्चा की गई। जंक्शन के जल संसाधन विभाग कार्यालय में हुई बैठक में विधायकों व विभागीय अधिकारियों ने मिलकर 21 नवम्बर के बाद का रेग्यूलेशन तैयार किया।
हनुमानगढ़. जल परामर्शदात्री समिति की बैठक गुरुवार को हुई। इसमें इंदिरागांधी नहर के रेग्यूलेशन पर चर्चा की गई। जंक्शन के जल संसाधन विभाग कार्यालय में हुई बैठक में विधायकों व विभागीय अधिकारियों ने मिलकर 21 नवम्बर के बाद का रेग्यूलेशन तैयार किया। इसमें रायसिंहनगर विधायक सोहन नायक ने इंदिरागांधी नहर में आगे किसानों की मांग के अनुसार पानी चलाने की मांग रखी। उन्होंने एतराज जताया कि हम विधायकों ने गत बैठक में भी चार में दो समूह के रेग्यूलेशन का प्रस्ताव रखा था। परंतु इसे लागू नहीं किया गया। इस पर मुख्य अभियंता असीम मार्कंडेय ने कहा कि हमने विधायकों की मंशा के अनुसार प्रस्ताव बनाकर सरकार को भिजवा दिया है। इस तरह के दस्तावेज भी उन्होंने प्रस्तुत किए। मुख्य अभियंता का कहना था कि बांधों में आवक की स्थिति लगातार कमजोर हो रही है। ऐसे में आगे और सोच-समझकर रेग्यूलेशन तैयार करने की जरूरत है। ताकि भविष्य में पेयजल संकट की स्थिति नहीं बने। काफी देर तक चर्चा के बाद इंदिरागांधी नहर में आगे तीन में एक समूह की दो बारियां और चलाने पर सहमति बनी। इसके बाद जनवरी में फिर समीक्षा बैठक करके आगे का रेग्यूलेशन तैयार करने का सुझाव दिया गया। मौजूद विधायकों ने कहा कि मावठ अच्छी जाएगी। इसलिए बांधों में भंडारित पानी का जितना शेयर प्रदेश का बनता है, उसके हिसाब से नहरों में वर्तमान में पानी चलाया जाए। जिससे किसान रबी फसलों की बिजाई कर सकें। संगरिया विधायक अभिमन्यु पूनियां ने कहा कि खेती-किसानी पर जिले के लोग निर्भर हैं। ऐसे में नहरों में पानी चलाना लाजमी है। उन्होंने कहा कि विभाग अपने स्तर पर अधिकतम पानी चलाने का प्रयास करे, विधायक सरकार स्तर पर दबाव बनाकर किसान हित में रेग्यूलेशन तैयार करवाएंगे। उन्होंने कहा कि खेती-किसानी को प्रोत्साहित करने पर ही जिले का विकास हो सकता है। ऐसे में नहरी पानी अहम है। पीलीबंगा विधायक विनोद गोठवाल, अनूपगढ़ विधायक शिमला नायक, सूरतगढ़ विधायक डूंगरराम गेदर, किसान प्रतिनिधि प्रेम देहडू, प्रताप सिंह सुंडा, एडिशनल चीफ इंजीनियर प्रदीप रुस्तगी, अधीक्षण अभियंता केएल बैरवा, शिवचरण रैगर, रामाकिशन, रामसिंह आदि ने रेग्यूलेशन को लेकर चर्चा की। सरहिंद फीडर के बचे भाग में रीलाइनिंग को लेकर पंजाब की ओर से मांगे जा रहे नहरबंदी के प्रस्ताव को लेकर भी बैठक में चर्चा की गई। सभी सदस्यों ने मार्च-अप्रेल की बंदी में ही इस तरह की बंदी लेने का सुझाव दिया।
दो करोड़ को पेयजल देना सबसे बड़ी प्राथमिकता
बैठक में जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता असीम मार्कंडेय ने कहा कि राजस्थान के सोलह जिलों के दो करोड़ लोगों को इंदिरागांधी नहर से पेयजल दिया जा रहा है। ऐसे में नहर में पेयजल चलाना सबसे बड़ी प्राथमिकता रहेगी। उन्होंने कहा कि पेयजल को दरकिनार करके सिंचाई पानी किसी सूरत में नहीं दे सकते। उन्होंने विधायकों की सहमति से आगे इंदिरागांधी नहर की दो बारियां तीन में एक समूह में चलाने के प्रस्ताव पर सहमति प्रदान कर दी। उन्होंने कहा कि दो बरियां तीन में एक समूह की चलाने के बाद आवक नहीं बढ़ती है तो फिर काफी दिक्कतें आ सकती है। इससे पूर्व मुख्य अभियंता ंइंदिरागांधी नहर में तीन में एक समूह की एक ही बारी चलाने की जिद पर अड़े रहे। लेकिन विधायकों की मांग पर मुख्य अभियंता ने बाकी अधिकारियों से राय-मशविरा करके विधायकों की मांग के अनुसार इंदिरागंाधी नहर में आगे की दो बारियां तीन में एक समूह में चलाने की मांग पर सहमति प्रदान कर दी।
पानी के केल्कुलेटर
जल परामर्शदात्री समिति की बैठक शुरू होते ही सदस्यों के आपस में परिचय का दौर शुरू हुआ। विधायकों के परिचय के बाद जब बारी किसान प्रतिनिधि पे्रम देहडू की आई तो मुख्य अभियंता बीच में ही बोल पड़े। मुख्य अभियंता असीम मार्कंडेय ने कहा कि प्रेम जी आपके बारे में मैंने बहुत सुना है। पानी के केल्कुलेशन में अच्छे केल्कुलेटर हैं आप।