हनुमानगढ़

मरम्मत प्रोजेक्ट की मॉनीटरिंग को लेकर टीम गठित

https://www.patrika.com/hanumangarh-news/  
2 min read
nahar
मरम्मत प्रोजेक्ट की मॉनीटरिंग को लेकर टीम गठित


-इंदिरागांधी नहर की हालत सुधारने का पूरा होगा काम
हनुमानगढ़. जल संसाधन विभाग ने नहरबंदी की घोषणा कर दी है। २५ मार्च से इंदिरागांधी नहर में बंदी प्रस्तावित है। इस अवधि में होने वाले मरम्मत कार्यों को लेकर कवायद तेज कर दी गई है। मरम्मत कार्यों की मॉनीटरिंग को लेकर करीब 18 अभियंताओं और तकनीकी विशेषज्ञों की टीम बनाई गई है। जो प्रोजेक्ट को पूरा करने का काम देखेंगे। जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता कार्यालय में इसी सप्ताह बैठक भी हो चुकी है। जिसमें प्रोजेक्ट पर विस्तार पूर्वक चर्चा कर संबंधित अभियंताओं को कार्य के बारे में अवगत करवाया गया। बंदी अवधि में राजस्थान और पंजाब भाग दोनों में समान रूप से मरम्मत कार्य चलेंगे। केंद्र सरकार स्तर पर पंजाब भाग के लिए २००० करोड़ का बजट स्वीकृत हुआ है। जबकि एक हजार करोड़ से अधिक का बजट राजस्थान भाग के लिए मंजूर है। राजस्थान भाग में नेशनल डवलपमेंट बैंक के वित्तीय सहयोग से नहर पुनरोद्धार कार्य होगा। प्रोजेक्ट के अनुसार वर्ष २०१९, २०२० व २०२१ तक सभी कार्य पूर्ण करने हैं। किसानों को शेयर के अनुसार पानी मिल सके, इसके लिए जरूरी है कि क्षतिग्रस्त नहरों की हालत में सुधार किया जाए। वर्तमान में कई जगह से नहर के पटरे क्षतिग्रस्त हैं। इसलिए क्षमता के अनुसार नहरें पानी नहीं ले पा रही। रीलाइनिंग व हैडों की मरम्मत के बाद नहरों की स्थिति सुधरने पर क्षमता के अनुसार इसमें पानी चलाना संभव होगा। इंदिरागांधी नहर से हनुमानगढ़ के अलावा श्रीगंगानगर, चूरू, बीकानेर, नागौर, जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर, झुंझुंनू, सीकर आदि जिलों को जलापूर्ति होती है। राजस्थान के अधिकारियों ने पंजाब व राजस्थान भाग में नहरों की हालत जल्दी सुधारने के लिए पंजाब को 70 दिन की बंदी का प्रस्ताव भिजवाया था। लेकिन पंजाब में बड़े टेंडर नहीं होने के कारण इस बार केवल तीस दिन की बंदी ही मंजूर की गई है। इंदिरागांधी मुख्य नहर की हालत सुधरने के बाद राजस्थान को तय हिस्से के अनुसार पानी मिलना संभव होगा।

Published on:
09 Feb 2019 09:45 pm