हनुमानगढ़

कार्यकर्ता नहीं बता पाए राज्य की पांच योजनाएं, तो CM बोलीं… ‘बिस्तर बांधकर दिल्ली ही भेज दूंगी’

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Updated: 29 Jul 2018, 5:30 PM IST
Vasundhara Raje on General Knowledge of Local BJP Leaders
Vasundhara Raje on General Knowledge of Local BJP Leaders

नोहर/ हनुमानगढ़। अरे, भईया। मुझे यहां की योजनाएं बताओ, दिल्ली की नहीं। दिल्ली की योजनाएं तो जानते हो, पर राजस्थान के बारे मेें कुछ नहीं पता। ऐसा कैसे चलेगा। ऐसे तो बिस्तर गोल हो जाना है। पूरा बताओ, वर्ना बांधकर दिल्ली ही भेज दूंगी। यह बात राज्य की मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने मुख्यमंत्री जन संवाद कार्यक्रम मेें कही। हनुमानगढ़ के नोहर में शनिवार को हुए मुख्यमंत्री जन संवाद कार्यक्रम में सीएम कार्यकर्ताओं से मिलीं।

इस दौरान उन्होंने कार्यकर्ताओं से मुख्यमंत्री के नाम से संचालित योजनाओं पर कार्यकर्ताओं से चर्चा की। उन्होंने मंच पर देहात व खुईयां मंडल के मीडिया एवं आईटी सेल के प्रभारियों को मंच पर बुलाया। कार्यकर्ताओं से परिचय के बाद उन्होंने कहा कि वह उनके नाम से संचालित पांच-पांच योजनाओं के नाम बताएं। इस पर एक कार्यकर्ता ही मात्र एक योजना का नाम बताकर अटक गया। तो दूसरा राज्य सरकार की पुरानी योजनाएं गिनाने लग गया। इस पर वसुंधरा ने तीसरे कार्यकर्ता से कहा कि वह प्रधानमंत्री की पांच योजनाओं के नाम बताए। कार्यकर्ता ने तत्काल पांच योजनाओं के नाम गिना दिए। तो मुख्यमंत्री ने हंसते हुए टिप्पणी की कि दिल्ली की योजनाएं तो जानते हो, पर राजस्थान के बारे मेें कुछ नहीं पता। ऐसा कैसे चलेगा।


तीन चरणों में संवाद
बीकानेर से दोपहर एक बजकर नौ मिनट पर हैलीकॉप्टर के जरिए यहां बालकृष्ण बिहाणी स्टेडियम में बनाए गए अस्थाई हैलीपेड पर मुख्यमंत्री पहुंची। जहां से संक्षिप्त स्वागत की औपचारिकताओं के बाद वे काफिले के साथ कार्यक्रम स्थल जाट समाज भवन पहुंची। यहां उन्होंने तीन चरणों में जन संवाद कार्यक्रम में भाग लिया। पहले दौर में प्रबुद्ध वर्ग से बातचीत की। इसमें उन्होंने कहा कि हम आपसे इसलिए मिलने आए हैं कि सरकार क्या कर रही है ये बता सकेें। मुख्यमंत्री ने प्रबुद्ध वर्ग को राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों से मिलवाया। सबसे पहले उन्होंने मंच पर भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना के चार लाभार्थियों से बातचीत की। उनके अनुभव सुने।


इसके पश्चात उन्होंने राजश्री योजना, पालनहार योजना और वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के लाभार्थियों से बातचीत की। प्रबुद्ध वर्ग संवाद के दौरान उन्होंने हर वर्ग के एक-एक व्यक्ति की बात सुनी और अपनी बात रखी। चिकित्सक संतलाल छिम्पा ने चिकित्सकों की समस्याएं रखी, तो कर सलाहकार केएल मित्रुका ने जीएसटी का गुणगान किया। इससे मैडम खुश नजर आईं, लेकिन जैसे उन्होंने जीएसटी की कुछ खामियों के समाधान की मांग की तो वरिष्ठ आईएएस अधिकारी शिखर अग्रवाल ने जवाब दिया। इस दौरान मित्रुका ने उनकी बात काटते हुए पुन: अपनी बात रखी तो मुख्यमंत्री बोल पड़ी, मिस्टर आर्ग्यूमेंट नहीं करें।


राजकीय एनडीबी पीजी महाविद्यालय के छात्र संघ अध्यक्ष प्रशांत महर्षि ने पिछले लम्बे समय से कॉलेज में व्याख्याताओं के रिक्त पदों का मुद्दा उठाया तो मुख्यमंत्री ने तत्काल दूरभाष पर शिक्षा सचिव से बात कर समाधान के निर्देश दिए। प्रबुद्ध वर्ग सम्मेलन में लगभग एक दर्जन लोगों ने अपने विचार रखे। वहीं मुख्यमंत्री ने भी खुलकर अपनी बात कही। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार हर वर्ग का ख्याल रख रही है। तमाम वर्गों को मद्देनजर रख कर योजनाएं बनाकर संचालित की जा रही हैं। लभगभ डेढ़ घंटे चले प्रबुद्ध वर्ग सम्मेलन में पश्चात उन्होंने नोहर विधानसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं से चर्चा की।

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