स्वास्थ्य

Geographic Tongue Cause: जीभ पर उभर रहे हैं लाल धब्बे, जगह और आकार भी बदल रहे हैं, मेयो क्लिनिक से जानें Geographic Tongue की वजह

Geographic Tongue: जीभ पर लाल धब्बे दिखना और उनका आकार बदलना जियोग्राफिक टंग का लक्षण हो सकता है। मेयो क्लिनिक और क्लीवलैंड क्लिनिक से जानें इसके कारण, लक्षण और डॉक्टरी सलाह।
2 min read
• •
Oct 21, 2026
Close-up view of a person showing red and smooth patches on tongue indicating geographic tongue
जियोग्राफिक टंग की स्थिति में जीभ पर नक्शे जैसे लाल और चिकने धब्बे उभर आते हैं, जो समय के साथ अपनी जगह और आकार बदलते रहते हैं- प्रतीकात्मक तस्वीर (Source- Freepik)

Geographic Tongue: सुबह उठकर जब आईने में जीभ देखते हैं और उस पर लाल-लाल चिकने धब्बे नजर आते हैं, तो मन में डर बैठ जाता है। ऐसा लगता है कि शायद कोई गंभीर बीमारी हो गई है या मुंह का कोई बड़ा संक्रमण उभर रहा है। लेकिन हर बार ऐसा नहीं होता। यह एक सामान्य और पूरी तरह से हानिरहित स्थिति है, जिसे जियोग्राफिक टंग कहा जाता है। इसका कैंसर या किसी खतरनाक संक्रमण से कोई लेना-देना नहीं है। आइए जानते हैं कि ये क्या होती है और इसके लक्षण क्या-क्या दिखाई देते हैं।

जियोग्राफिक टंग क्या है और इसके लक्षण कैसे पहचानें?

क्लीवलैंड क्लिनिक के अनुसार, हमारी जीभ पर छोटे-छोटे गुलाबी-सफेद रेशे जैसे उभार होते हैं, जिन्हें पैपिली कहते हैं। जियोग्राफिक टंग में होता यह है कि जीभ के कुछ हिस्सों से ये रेशे थोड़े समय के लिए गायब हो जाते हैं। इसकी वजह से वहां लाल रंग के चिकने चकत्ते बन जाते हैं। इसके मुख्य लक्षण कुछ इस तरह नजर आते हैं;

  • नक्शे जैसी बनावट- इन लाल धब्बों के किनारे हल्के उठे हुए होते हैं, जिससे पूरी जीभ देखने में किसी नक्शे जैसी लगती है। इसीलिए इसे यह नाम मिला है।
  • बदलती जगह- इसकी सबसे अजीब बात यह है कि धब्बे एक जगह से ठीक होकर जीभ के दूसरे हिस्से में बनने लगते हैं और इनका आकार भी बदलता रहता है।
  • तीखी चीजों से जलन- बहुत से लोगों को इससे कोई दिक्कत नहीं होती, लेकिन कुछ लोगों को ज्यादा मिर्च-मसाले वाला, खट्टा या नमकीन खाना खाने पर जीभ पर हल्की चुभन या जलन महसूस हो सकती है।

यह समस्या क्यों होती है और किसे हो सकती है?

मेयो क्लिनिक के मुताबिक, जियोग्राफिक टंग होने की पुख्ता वजह अभी तक पूरी तरह साफ नहीं है, लेकिन कुछ बातें इसमें भूमिका निभाती हैं;

अगर घर में माता-पिता या किसी नजदीकी को यह समस्या रही है, तो आगे की पीढ़ी में भी यह दिख सकती है।
कुछ मामलों में यह उन लोगों को ज्यादा होती है जिन्हें सोरायसिस जैसी त्वचा की समस्या होती है।
जिन लोगों की जीभ पर कुदरती तौर पर हल्की गहरी लाइनें या दरारें होती हैं, उन्हें यह परेशानी होने का चांस थोड़ा ज्यादा रहता है।

डॉक्टर के पास कब जाना चाहिए?

यह कोई बीमारी नहीं है, इसलिए इसके लिए किसी भारी-भरकम इलाज की जरूरत नहीं पड़ती। यह अपने आप आती है, कुछ दिन या महीने रहती है और फिर गायब हो जाती है। लेकिन ये लक्षण दिखे तो डॉक्टर या डेंटिस्ट से सलाह लेनी चाहिए;

  • अगर जीभ की जलन या दर्द बहुत ज्यादा बढ़ जाए और खाना खाना मुश्किल हो जाए।
  • अगर धब्बे दो हफ्ते से ज्यादा समय से एक ही जगह पर टिके हों और ठीक न हो रहे हों।
  • अगर आपको लगे कि यह कोई आम समस्या नहीं बल्कि फंगस या किसी और चीज का संक्रमण है।
डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
Published on:
21 Oct 2026 06:44 pm