डायबिटीज (Diabetes) के कारण पैरों में घाव होना आम समस्या है. ये घाव इतने गंभीर हो सकते हैं कि मरीज को अस्पताल में भर्ती होना पड़ सकता है, जिसके कारण पैर या पैर की (अंगुली) को काटना भी पड़ सकता है। लेकिन अब डायबिटीज (Diabetes) के मरीजों के लिए एक राहत की खबर है। शोधकर्ताओं ने पैरों में घाव होने के खतरे को कम करने के लिए एक नई इनसोल तकनीक विकसित की है।

डायबिटीज (Diabetes) के कारण पैरों में घाव होना आम समस्या है. ये घाव इतने गंभीर हो सकते हैं कि मरीज को अस्पताल में भर्ती होना पड़ सकता है, जिसके कारण पैर या पैर की (अंगुली) को काटना भी पड़ सकता है। लेकिन अब डायबिटीज (Diabetes) के मरीजों के लिए एक राहत की खबर है। शोधकर्ताओं ने पैरों में घाव होने के खतरे को कम करने के लिए एक नई इनसोल तकनीक (New shoe insole technology) विकसित की है।
हर तीन में से लगभग एक मधुमेह रोगी (Diabetic patient) को अपने जीवनकाल में पैरों में घाव हो जाता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि मधुमेह (Diabetes) के कारण पैरों में रक्त संचार कम हो जाता है, जिससे घाव हो जाते हैं।
पैरों में घाव को कम करने के लिए पहले से ही कई इनसोल (Pressure-alternating insoles) बनाए गए हैं, लेकिन यह नई तकनीक खास है। यह इनसोल पैरों पर लगने वाले दबाव को घुमाकर काम करता है। आसान भाषा में कहें तो ये इनसोल चलते समय पैरों पर पड़ने वाले दबाव को अलग-अलग जगहों पर बारी-बारी से कम करता है। इससे पैरों के कोमल ऊतकों को आराम मिलता है और रक्त संचार बेहतर होता है।
अमेरिका के यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्सास आर्लिंगटन रिसर्च इंस्टीट्यूट के प्रमुख शोध वैज्ञानिक मुथु बी जे विजयेसुंदरा का कहना है कि, "इस नए इनसोल का लक्ष्य मधुमेह (Diabetes) के रोगियों में पैरों के घाव को कम करना है। घाव ज्यादातर पैरों पर चलने के दौरान लगने वाले बार-बार के दबाव के कारण होते हैं।"
उन्होंने उम्मीद जताई है कि, "यह तकनीक इतने लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकती है।"