Personal Hygiene : महिलाएं अक्सर अपने पर्सनल हाइजीन को लेकर लापरवाही करती है जिससे उन्हें संक्रमण का खतरा होता है। इससे बचने के लिए उन्हें कुछ खास बातों का ध्यान रखना चाहिए है।
हमारे घर में मौजूद हमारी मां, बहन, भाभी, चाची और अन्य महिलाएं पूरे परिवार की जिम्मेदारी संभालती है। घर वालों के खानपान से लेकर उनके स्वास्थ तक सभी चीजों का ध्यान घर की महिलाएं रखती है। लेकिन अक्सर यह देखा जाता है कि सभी के स्वास्थ का ध्यान रखने वाली घर की महिलाएं अपने ही पर्सनल हाइजीन को लेकर जागरूक नहीं रहती है। यहां तक की कई महिलाओं को तो पर्सनल हाइजीन को लेकर न कोई जानकारी होती है न उससे होने वाले नुकसान का पता। लेकिन ऐसा करना उनके स्वास्थ के लिए काफी खतरनाक हो सकता है और उन्हें कई तरह के संक्रमण का शिकार बना सकता है।
आंकड़ों के अनुसार, देश में 62% महिलाएं पर्सनल हाइजीन के बारे में जानतीं तक नहीं है और केवल 57.6% महिलाएं ही सैनिटरी पैड का उपयोग करती हैं। साथ ही भारत में 24% किशोरियां अपने पीरियड्स के दौरान विद्यालय में अनुपस्थिति दर्ज कराती हैं। एक अन्य रिसर्च के मुताबिक, केवल 76.15% महिलाएं पीरियड्स के दौरान स्वच्छ प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करती है। ग्रामीण क्षेत्रों में यह आंकड़ा और भी कम 72.32% प्रतिशत ही है।
बारिश और सर्दी के चलते कई बार गिले कपड़े जल्दी नहीं सूखते है और हम उन्हें वैसे ही पहन लेते है। यह हमारे पर्सनल हाइजीन के लिए काफी नुकसानदायक है। हमें हमेशा अंडर गारमेंट्स व अन्य कपड़े सूखे व साफ रखने चाहिए। साथ ही हमें अपने आप को भी साफ और सूखा रखना चाहिए। बहुत अधिक टाइट कपड़े पहने से भी हमारा शरीर खुली हवा के संपर्क में नहीं आ पता है और उससे संक्रमण का जोखिम बन जाता है। इससे बचने के लिए खुले खेल और हवादार कपडे पहनने, ये यीस्ट संक्रमण का जोखिम कम करते है। हमारी योनि का स्वास्थ्य बनाए रखने के लिए जरुरी है कि वह फलों, सब्जियों और प्रोबायोटिक्स से भरपूर आहार का सेवन करे जिससे हमारे शरीर से विषाक्त पदार्थ बाहर निकल सके। इस तरह अपनी व्यक्तिगत स्वच्छता का ध्यान रखने पर हम न सिर्फ बीमारी से बचे रह सकते है बल्कि हमारा आत्मविश्वास भी बढ़ाता है।