Kidney Cancer Cases: Fox Chase Cancer Center की नई स्टडी में पाया गया है कि 2050 तक किडनी कैंसर के मामले दोगुने हो सकते हैं। जानें किडनी कैंसर के कारण, शुरुआती लक्षण और इससे बचाव के आसान उपाय।
Kidney Cancer Cases: दुनिया भर में किडनी कैंसर (Kidney Cancer) तेजी से बढ़ता जा रहा है। Fox Chase Cancer Center की नई स्टडी के मुताबिक, आने वाले 25 सालों में इसके मामले लगभग दोगुने हो सकते हैं। इस रिसर्च को European Urology जर्नल में प्रकाशित किया गया है।
साल 2022 में करीब 4.35 लाख नए केस और 1.56 लाख मौतें किडनी कैंसर की वजह से दर्ज की गईं। अगर यही स्थिति रही, तो 2050 तक ये संख्या दोगुनी हो सकती है। यह एक गंभीर वैश्विक स्वास्थ्य समस्या बनती जा रही है।
रिसर्च में पाया गया कि 50% से ज्यादा केस रोके जा सकने वाले कारणों से जुड़े हैं। इनमें कई कारण शामिल हैं। जिनमें मोटापा (Obesity), धूम्रपान (Smoking), डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर, व्यायाम की कमी, पुरानी किडनी की बीमारियां प्रमुख हैं।
डॉक्टरों का कहना है कि अगर लोग अपनी लाइफस्टाइल में सही बदलाव करें तो किडनी कैंसर का खतरा काफी हद तक कम किया जा सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार धूम्रपान छोड़ना, नियमित व्यायाम करना, हेल्दी डाइट लेना, मोटापे पर नियंत्रण रखना और ब्लड प्रेशर व डायबिटीज जैसी बीमारियों को मैनेज करना इस बीमारी से बचाव के अहम कदम हैं। साथ ही, समय-समय पर स्वास्थ्य जांच और पर्याप्त पानी पीने की आदत भी किडनी को स्वस्थ रखने में मदद करती है। यानी छोटी-छोटी आदतों में सुधार से बड़ी बीमारी से बचाव संभव है।
किडनी कैंसर का खतरा उम्र और लिंग के हिसाब से अलग-अलग होता है। शोध बताते हैं कि 65 से 74 साल की उम्र के लोगों में इसका जोखिम सबसे ज्यादा होता है। वहीं, पुरुषों में यह कैंसर महिलाओं की तुलना में अधिक पाया जाता है, जबकि बच्चों में यह बीमारी बहुत ही दुर्लभ है। इसका मतलब है कि उम्र बढ़ने और पुरुष होने के साथ-साथ किडनी कैंसर का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए इस उम्र और लिंग वर्ग के लोगों को नियमित जांच और स्वास्थ्य सतर्कता की खास जरूरत होती है।
अक्सर लोग शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज कर देते हैं, जिसकी वजह से बीमारी देर से पकड़ में आती है। ध्यान देने योग्य मुख्य लक्षण पेशाब में खून आना, पीठ या कमर में गांठ या सूजन, पसलियों और कमर के बीच लगातार दर्द, भूख कम लगना, लगातार थकान रहना। अन्य लक्षणों में अचानक वजन कम होना, बुखार, रात में पसीना आना, एनीमिया और हाई ब्लड प्रेशर शामिल हैं।