
होशंगाबाद. अल्लाह की इबादत, बरकत, रहमत का महीना रमजान आज से शुरू होने जा रहा है जो १७ मई से १४ जून तक चलेगा। इस साल रमजान में पांच बार जुमे की नमाज होगी। जिसमें एक जुमा अलविदा की नमाज भी होगी। शहर काजी जनाब अशफाक अली ने बताया कि सबसे बड़ा रोजा १६ घंटे का होगा। पिछले साल यह रोजा माह-ए-रमजान के बीच पड़ा था। १६ मई को चांद दिखने पर १७ मई से माह-ए-रमजान का आगाज हो जाएगा। सबसे दिलचस्प बात यह है कि रोजा गुरुवार से शुरू होकर शुक्रवार को मुकम्मल होगा। चांद दिखने के बाद रमजान के पहले रोजा शुक्रवार को विशेष नमाज कुरान शरीफ पढ़ी जाएगी।
२६वीं रात शवे कद्र
जनाब अशफाक अली ने बताया कि रमजान में २६ वीं रात शवे कद्र की रात होती है, यह रमजान की सबसे महत्वपूर्ण रात होती है। इस दिन सभी लोग अल्लाह की इबादत करते हैं, क्योंकि इस रात को कुरान पूरी तरह मुक्कमल हुई थी।
ये हैं ५ जुमे
इस बार रमजान में पांच जुमे होंगे। माह में दूसरा, नौवां, सोलवां, तेइसवां और तीसवां रोजा जुमा शुक्रवार को होगा। अक्ल-ओ-बालिग पर रोजा फर्ज रमजान का महीना ११ महीनों से अफजल (उत्तम) होता है।
सुबह की सहरी शाम की अफ्तार के लिए विशेष
रमजान के साथ बाजार में भी रौनक दिखने लगी है। सेहरी और आफ्तारी के लिए विशेष पकवान हैं। व्यापारी रफीक खान बताते हैं कि वह रमजान के महिने में अपनी दुकान लगाते हैं, इसमें रूहअफजा, शरवत, पिंड खजूर, साऊदी, बाम्बे, तोश, फैनी, सिमईयां, अंगूरदाना बूंदी, मीठा खुरमा जैसे सामान रखते हैं।