होशंगाबाद

लाॅकडाउन में परेशान किसानः गांव में क्रय केंद्र लेकिन बेचने जाना होगा बीस किलोमीटर दूर

Farmers trouble in lockdown गेहूं क्रय केंद्रों का हाल, विभागीय लापरवाहियों का खामियाजा भुगत रहा किसान कलक्टर को ज्ञापन सौंप किसानों ने दी आंदोलन की चेतावनी
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Updated: 21 Apr 2020, 12:40 PM IST
Symbolic Image of Farmer
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लाॅकडाउन की मुश्किलों के बीच प्रशासनिक व विभागीय लापरवाही किसानों पर भारी पड़ रही है। किसान अपनी फसल को लेकर परेशान है। फूड डिपार्टमेंट की लापरवाहियों की वजह से किसानों के खरीदी केंद्र बीस-बीस किलोमीटर दूर बना दिया गया है, ऐसे में किसान इतनी दूर ले जाकर अपनी उपज को कैसे बेचे उसे समझ नहीं आ रही। व्यवस्था को सुधारने के लिए किसानों ने कलक्टर को ज्ञापन दिया है। किसानों ने कहा है कि अगर उनकी मांगों को नहीं माना गया तो वे आंदोलन को बाध्य होंगे।

बनखेड़ी के बाम्हनवाड़ा के किसान गांव में अपनी उपज की तुलाई की मांग को लेकर कलक्टर के पास पहुंचे। इन लोगों का कहना था कि फूड डिपार्टमेंट की लापरवाही की सजा वह लोग भुगतने को मजबूर हो रहे हैं। विभाग ने क्रय केंद्रों की मैपिंग में लापरवाही की है जिससे किसानों को उनके नजदीक क्रय केंद्र आवंटित नहीं हो सके हैं। किसानों ने आरोप लगाया कि ईशरपुर सोसाइटी ने बाम्हनवाड़ा गांव में खरीदी केंद्र बनाया है लेकिन बाम्हनवाड़ा गांव के लोगों को बीस किलोमीटर दूर जुन्हेटा सायलों में गेहूं बेचने के लिए मैसेज आ रहे हैं। गांव में क्रय केंद्र होने के बाद उनका क्रय केंद्र बीस किलोमीटर दूर आवंटित किया जाना बेहद गैरजिम्मेदाराना है।

बाम्हनवाड़ा के किसान राजेश साहू ने बताया कि हमारा पूरा अनाज गांव में ही खुले क्रय केंद्र पर खरीदा जाए इसके लिए कलक्टर को ज्ञापन दिया गया है। खरीदी केंद्र को गलत मैपिंग करने में फूड विभाग की लापरवाही है। हमने उन पर कार्यवाही की मांग भी की है।
किसान नेता जीतेन्द्र भार्गव ने चेताया कि बाम्हनवाड़ा का एक किसान भी जुन्हेटा सायलो अपना अनाज बेचने नहीं जायेगा। यदि हमारी मांगे नहीं मानी तो हम आंदोलन को मजबूर है।

by: Shakeel Niyazi

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