केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह के अनुसार, चंद्रमा पर इंसान को भेजने पर हो रहा है काम, लेकिन बड़ी चुनौती भी बताई।
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र की और से चांद पर भेजे गए चंद्रयान-3 मिशन की सफलता के बाद मध्य प्रदेश के आर्थिक शहर इंदौर पहुंचे मोदी सरकार के मंत्री जितेंद्र सिंह ने मीडिया से चर्चा के दौरान कहा कि, अब हम इंसानों को चांद पर भेजने की योजना पर काम कर रहे हैं। हालांकि, उन्हें भेजने से ज्यादा चिंता की बात उन्हें सकुशल वापस लाना है, वरना हम खुद को कभी क्षमा नहीं कर पाएंगे। फिलहाल, भारत सरकार और उसके वैज्ञानिक इस परियोजना पर काम कर रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि, इस परियोजना को कॉस्ट इफेक्टिव बनाने के लिए वैज्ञानिकों ने अथक प्रयास किए। हमारा चंद्रयान एक महीने में चांद पर पहुंचा। उन्होंने कहा कि, रूस हमसे काफी पहले चांद पर पहुंच चुका था, लेकिन हमें इसमें सफलता मिली।
हिंदुस्तानियों की आदत
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने उदाहरण देते हुए कहा कि भारत में लोगों को चीजों को कॉस्ट इफेक्टिव बनाने की आदत है। हम यहां वाहनों को चलाते समय उन्हें ढलान पर बंद कर देते हैं, ताकि उसका फ्यूल बचाया जा सके, बस कुछ इसी तरह इस परियोजना को भी कम खर्च में पूरा करने का काम किया गया। हालांकि, मीडिया के सवालों के जवाब देते हुए केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि, चंद्रयान-3 की सफलता के बाद सरकार इसरो का बजट बढ़ाने की प्रक्रिया में जुट गई है। इसके लिए नेशनल रिसर्च फाउंडेशन बनाया गया है। इसका काम ही रिसर्च के लिए फंड इकट्ठा करना होगा।
मोदी सरकार के फैसले दूरगामी- मंत्री
मंत्री जितेंद्र सिंह के अनुसार, पीएम मोदी की अगुवाई में ये चंद्रयान-3 परियोजना सफल हो सकी। मोदी सरकार में ऐसे कई फैसले हुए, जिनपर सवाल उठे, लेकिन अब उनके नतीजे सामने आ रहे हैं। इनमें से एक फैसला डिजिटल इंडिया का था। कोरोना काल में जब पूरी दुनिया के उद्योग बंद हो गए थे, तब भारत ने काम करके दुनिया को विश्व गुरु बनकर दिखाया। उन्होंने कहा कि डिजिटल हेल्थ का सपना भी मोदी सरकार में ही पूरा हुआ। देश में इसका फैसला भी मजबूती से लिया गया और कोविड काल में ये फैसला लोगों के काम आया।