तिलक नगर पुलिस ने पिता-पुत्र को लिया रिमांड पर, घुटने के इलाज के नाम पर की धोखाधड़ी
इंदौर. घुटने के दर्द के इलाज का दावा करने वाले फर्जी डॉक्टर की तीन और शिकायत सामने आई है। इनसे भी करीब डेढ़ लाख रुपए ऐंठे गए। पुलिस ने फर्जी डॉक्टर व बेटे को रिमांड पर लिया है। इनके डेरे की भी पुलिस ने तलाशी ली।
टीआई धर्मेंद्र शिवहरे ने बताया कि रिटायर बैंक अधिकारी तरुण अग्रवाल (70) से धोखाधड़ी मामले में पकड़ाए मो. रंजीत उर्फ डॉ. हमीद अंसारी (39), मो. अली (19), सफरु²ीन खान (49), सलमान शेख (30) निवासी बंूदी राजस्थान को सोमवार को कोर्ट में पेश किया गया। रंजीत व अली का दो दिन का रिमांड मिला। बाकी दोनो आरोपियों को जेल भेज दिया गया। इनका एक साथी मो. अहसान फरार है। एसआई गुलाब सिंह रावत, प्रदीप, अशोक रघुवंशी, सुभाष, कमल ने आरोपियों के देवास में रसूलपुरा स्थित डेरे पर छापा मारा। इसमें तरुण से ऐंठे 1 लाख 95 हजार रुपए व एक कार जब्त हुई। आरोपियों ने घुटने का दर्द ठीक कर देने का झांसा देकर यूरिक एसिड निकालने के एवज में अग्रवाल से दो लाख रुपए ऐंठे थे। मामला सामने आने के बाद सोमवार को विजय नगर इलाके के दो व राजेंद्र नगर इलाके के एक बुर्जुग तिलक नगर थाने आए। राजेंद्र नगर के पीडि़त से एक लाख रुपए और विजय नगर में पीडि़त से पचास हजार रुपए व सात हजार रुपए आरोपियों ने लिए। इन्हें भी घुटने का दर्द पूरी तरह ठीक करने देने का झांसा दिया था। थाने आकर इन्होंने आरोपियों को देखा तो पहचान गए। इनसे भी घुटने का इलाज करने के एवज में रुपए ऐंठे गए। इन्हें बताया गया है कि अपने स्थानीय थाने पर वे शिकायत कर केस दर्ज करवा सकते है।
रंजीत फर्जी डॉक्टर बनकर लोगो को इलाज का झांसा देता। घुटने में सुई लगाकर पाइप की मदद से यूरिक एसिड चूसकर निकालने की बात कहता। हर एक बंूद के एवज में 760 रुपए लेता। दोनो आरोपियों से फिलहाल पुलिस पूछताछ कर रही है।