
इंदौर। इंदौर के लोगों को जेब्रा देखने के लिए अभी दो महीने का और इंतजार करना होगा। इंदौर लाए जाने वाले जेब्रा को अभी तक केंद्र सरकार के विभिन्न विभागों से अनुमति नहीं मिली है। इस कारण इन्हें भारत लाने में अभी समय लगेगा। मुंबई के वीर माता जीजाबाई भोसले जू (भायखला चिड़ियाघर) में इजरायल से चार जोड़े जेब्रा बुलाए जा रहे हैं। इनमें से एक जोड़ा इंदौर चिड़ियाघर को देने के लिए भायखला जू तैयार हो गया है। हालांकि, इसके लिए उन्होंने एक जोड़ा शेर और एक जोड़ा भेड़िया मांगा है। इसके लिए इंदौर जू तैयार है। इंदौर चिड़ियाघर में इन्हें लाने के लिए तैयारी भी कर ली है। नया बाड़ा भी तैयार कर लिया गया है। हालांकि अभी मुंबई चिड़ियाघर को ही इजरायल से जेब्रा लाने की अनुमतियां नहीं मिल पाई हैं।
भायखला चिड़ियाघर को अभी भी सरकार की अनुमतियों इंतजार
दरअसल, विदेशों से जानवर लाने के लिए मुंबई चिड़ियाघर को डायरेक्टर जनरल फारेन ट्रेड एनवायरमेंट फारेन ट्रेड, सीजेडए आदि से अनुमतियां लेना हैं। इसके लिए उसने आवेदन भी कर रखा है, लेकिन अनुमतियां अभी तक मिल नहीं पाई हैं। बताया जा रहा है, इसमें अभी एक महीने से भी ज्यादा वक्त लग सकता है। जेब्रा को इजरायल से भारत लाने के बाद उन्हें 15 दिनों तक क्वारंटीन कर अलग रखा जाएगा। इस दौरान उनकी पूरी मेडिकल जांच होगी। इसके बाद उन्हें मुंबई चिड़ियाघर भेजा जाएगा। वहां से फिर उन्हें इंदौर लाया जाएगा।
शेर और भेडिए का जोड़ा देने को है तैयार
मुबंई चिड़ियाघर ने जेब्रा के बदले एक जोड़ा भेडिए और एक जोडा शेर का इंदौर चिड़ियाघर से मांगा है। जिसे देने के लिए इंदौर चिड़ियाघर तैयार है। इंदौर जू में शेर और भेड़िए बड़ी संख्या में हैं। यहां 8 शेर और एक दर्जन भेड़िए हैं। डॉ. उत्तम यादव, प्रभारी चिड़ियाघर का कहना है कि मुंबई चिड़ियाघर से जानकारी मिली है कि उन्हें जानवरों को लाने के लिए जल्द अनुमति मिल जाएगी। अनुमति मिलते ही वे जेब्रा को भारत ले आएंगे। उसकी प्रक्रिया पूरी होने के बाद हम उन्हें इंदौर लाएंगे। इसमें कम से कम दो माह का समय लग सकता है।