
जबलपुर. दीपावली पर इस बार तेज शोर करने वाले पटाखा कम फू टे। पुअर वायु गुणवत्ता के मद्देनजर एनजीटी के आदेश के बाद नगर में कम पटाखे बिके तो शोर भी पिछले साल के मुकाबले कम हुआ। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की रिपोर्ट इसका खुलासा कर रही है। हालांकि पटाखे जलने से आबोहवा पर जरूर असर पड़ा है। एयर क्वाटिली इंडेक्स चौबीस घंटे में 68 प्वाइंट बढ़ गया। एक्यूआई बढऩे के कारण नगर की वायु गुणवत्ता पुअर श्रेणी में आ गई।वायु गुणवत्ता सुधरने के आसार-पीसीबी के वैज्ञानिकों की मानें तो पिछले वर्षों के मुकाबले इस बार पटाखे कम जलाए जाने और तेज धूप खिलने के कारण नगर में वायुमंडल तेजी से स्वच्छ हो रहा है। शनिवार रात के मुकाबले रविवार को रात तक एक्यूआई में भी लगभग दस से पंद्रह प्रतिशत तक की कमी बताई जा रही है। उनका कहना है कि मौसम साफ होने से चौबीस घंटे में नगर की वायु गुणवत्ता में सुधार आ जाएगा।एसपीएल घटना अच्छा संकेत-इस साल तेज ध्वनि वाले पटाखों के इस्तेमाल में कमी आई है। इससे साउंड प्रेशर लेवल (एसपीएल) में पिछले साल के मुकाबले कमी आई है। जानकारों के अनुसार तय मानक से ज्यादा एसपीएल के पटाखे जलाए जाने पर बच्चों, बुजुर्गों, गर्भस्थ शिशु, हृदय रोग, हायपर टेंशन से पीडि़त लोगों की समस्या बढ़ जाती है।
ऐसे किया आंकलन
वायु की गुणवत्ता के आंकलन के लिए पीसीबी ने विजय नगर व अधारताल में एयर सेम्पलर लगाया था। इसी तरह से विजय नगर, अधारताल व हाईकोर्ट के समीप डेसीमल मीटर लगाए गए थे जिनसे ध्वनि प्रदूषण के स्तर का आंकलन किया गया।
वर्जन
दीपावली पर इस बार लोगों ने कम पटाखे जलाए इसके कारण ध्वनि प्रदूषण का स्तर कम हुआ है। मौसम में बदलाव के कारण एक्यूआई पहले से बढ़ा था, पर्व पर इसमें और इजाफा हुआ। हालांकि धूप खिल रही है इसके कारण एक्यूआई का घटना शुरू हो गया है। अगले चौबीस घंटे में वायु की गुणवत्ता में और सुधार होगा।
-एसके खरे, वैज्ञानिक, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड
...............ऐसे समझें-(माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर)-15 नवम्बर 2020--205, एक्यूआई सुबह 10 बजे-200 एक्यूआई शाम छह बजे-180 एक्यूआई रात 10.30-200, पीएम 2.5-166, पीएम 10-34, नाइट्रोजन ऑक्साइड-18, सल्फर डाईऑक्साइड
--------------14 नवंबर 2020--120, पीएम 2.5-139, पीएम 10-47, नाइट्रोजन ऑक्साइड-14, सल्फर डाईआक्साइड
--------------पिछली दीपावली पर 27 अक्टूबर 2019 को--60, पीएम 2.5-178, पीएम 10-26, नाइट्रोजन ऑक्साइड-10, सल्फर ऑक्साइड
----------ध्वनि प्रदूषण की स्थिति--50 डेसीबाल, एसपीएल की मानक सीमा14 नवम्बर 2020 को-साउंड प्रेशर लेवल--59 डेसीबल
-----------27 अक्टूबर 2019 को-साउंड प्रेशर लेवल--64 डेसीबल