हाईकोर्ट ने जमानत देने से किया इंकार, कहा खत लिखने वाले आरोपी ने जिस तरह अपनी मां व भाई को फंसाने की कोशिश की
हाईकोर्ट ने जमानत देने से किया इंकार, कहा खत लिखने वाले आरोपी ने जिस तरह अपनी मां व भाई को फंसाने की कोशिश की, नहीं दे सकते जमानत
जबलपुर।
मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने कहा कि भोपाल सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को बारूद में लिपटा धमकी भरा खत लिखने के आरोपी ने जिस तरह अपनी माँ व भाई को फंसाने की कोशिश की, उसे देखते हुए आरोपी को जमानत नही दी जा सकती । इस मत के साथ जस्टिस सुबोध अभ्यंकर की सिंगल बेंच ने नांदेड़ महाराष्ट्र के डॉक्टर की जमानत अर्जी ठुकरा दी।
अभियोजन के अनुसार 13 जनवरी 2020 को प्रज्ञा ठाकुर के भोपाल स्थित बंगले पर एक धमकी भरी चि_ी पहुंचने से हड़कंप मच गया था। साध्वी ने इसे आतंकी साजिश करार दिया था और अपनी जान को ख़तरा बताया था। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ एफआईआर भी दर्ज की थी। मामला एक जनप्रतिनिधि से जुड़े होने और आतंकी कनेक्शन की आशंका के चलते एटीएस ने जांच के बाद नांदेड़ से आरोपी डॉक्टर अब्दुल रहमान को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी डॉक्टर ने चौंकाने वाले खुलासे किए। वो पेशे से होम्योपैथिक डॉक्टर है, जो नांदेड़ में प्राइवेट क्लीनिक चलाता है।
आरोपी डॉ. सैयद अब्दुल रहमान ने पूछताछ में एटीएस को बताया कि उसका अपने भाई हफीज़ उर रहमान और मां नासेहा बेगम के साथ शादी और संपत्ति की वजह से विवाद चल रहा है। इसी विवाद में भाई ने 2014 में डॉ. सैयद अब्दुल रहमान के खिलाफ हत्या की कोशिश की एफआईआर दर्ज करायी थी। उस केस में रहमान को 18 दिन जेल में रहना पड़ा था।