जबलपुर-कटनी रेल लाइन के डुंडी स्टेशन की घटना
जबलपुर/ कटनी। रेल मंडल जबलपुर के अंतर्गत आने वाले डुंडी रेलवे स्टेशन के पास शुक्रवार को चट्टानों को अलग करने के लिए ऐसा बारूद लगाया गया कि धमाके के साथ बड़े बोल्डर रेलवे ट्रैक और ओएचई पर आकर गिरे। जिससे ट्रैक को भारी नुकसान हुआ है। ओएचई तार टूट गया।
कॉसन ऑर्डर लेकर ट्रेनें धीमी गति से निकाली जा रही हैं। धमाका इतना जोरदार था कि स्टेशन परिसर दहल गया। आसपास लोग भी दहशत में आ गए। जानकारी के अनुसार दोपहर लगभग ढाई बजे जबलपुर रेल मंडल के अधिकारियों ने निजी कंपनी की मदद से चट्टानों में बारूद लगवाया। सूत्रों के अनुसार कटनी-बीना तीसरी रेल लाइन पर गुजरात की एक कंपनी को ब्लास्ट का काम दिया गया है, इसी के लोग चट्टानों को हटा रहे थे। ओएचई लाइन के अलावा कुछ पत्थर प्लेटफॉर्म के पास खड़े खाली रैक पर भी गिरे। देर रात तक रेलवे ट्रैक बाधित रहा। आधा दर्जन विशेष ट्रेनों का परिचालन प्रभावित रहा। ब्लास्टिंग के चार घंटे बाद शाम 6 बजे ट्रेनें डीजल इंजन से कटनी लाकर गंतव्य के लिए रवाना किया गया। रेलवे प्रबंधन ने 15 किलोमीटर का कॉसन आर्डर जारी कर मरम्मत कार्य तेज कर दिया गया है।
डुंडी रेलवे स्टेशन के पास चट्टानें हैं, जिस हटाने के लिए एक्सपर्ट की मदद से ब्लास्ट कराया गया। कुछ पत्थर ट्रैक पर गिरे, जिससे ओएचई टूट गई।
- संजय विश्वास, डीआरएम जबलपुर रेल मंडल