
जबलपुर। सुबह सूरज की तेज धूप, दोपहर में गर्मी और रात में ठंड। मौसम में यह बदलाव लोगों की सेहत को नुकसान पहुंचा रहा है। सर्द-गर्म से गला खराब हो रहा है। पिछले एक सप्ताह से सामान्य से नीचे चल रहे अधिकतम तापमान में शनिवार को सामान्य से चार डिग्री का उछाल दर्ज किया गया। कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता वालों को सर्दी-खांसी और बुखार जकड़ रहा है। इन दिनों में अस्पतालों में सर्दी-बुखार के मरीज बढ़ रहे हैं। गला खराब होने की शिकायत लेकर डॉक्टर के पास परामर्श के लिए भी बढ़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। विशेषज्ञों के अनुसार धूप में आवाजाही के बाद अचानक एसी की ठंडी हवा और गले को तर करने के लिए शीतल पेय पीने से सर्द-गर्म हो जाता है। इससे गला खराब हो रहा है। गले में खरास के साथ हल्का दर्द हो रहा है। रात में बिना गर्म कपड़ों के बाहर निकलने और ठंडी हवा के सम्पर्क में आने से जुकाम हो रहा है। सर्दी के कारण हल्का बुखार भी महसूस होता है।
डॉक्टरों के अनुसार बदलते मौसम में रोग प्रतिरोधक क्षमता प्रभावित होती है। कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले व्यक्ति संक्रमण के सम्पर्क में आने पर जल्दी बीमार होते हैं। सर्दी-जुकाम, वायरल बुखार से बचने के लिए अभी भीड़-भाड़ वाले क्षेत्र में जाने से बचना चाहिए। सर्दी-जुकाम, बुखार से पीडि़त लोगों से दूरी बनाकर रखें। भीड़ में जाने से बचें। बाहर जाने पर मास्क लगाएं। यह वायरल इन्फेक्शन के साथ कोरोना संक्रमण से भी बचाएगा।
ये सावधानी बरतें
- धूप से आते ही तुरंत पंखा नहीं चलाएं, इससे इससे सर्द-गर्म होता है।
- घर और आसपास सफाई रखें, हाथों को बार-बार साबुन से धोएं। यदि बाहर हैं तो सेनेटाइजर का उपयेाग करें।
- बाहर का खाना खाने से बचें, ज्यादा तला-भुना न खाएं।
- भोजन में फल, हरी सब्जियां, विटामिन-सी और डी वाले खाद्य पदार्थ शामिल करें।
- अभी रात में हवा ठंड रहती है, इसलिए गर्म कपड़े पूरी तरह न छोड़ें।
- रात में अचानक गर्मी का एहसास होने पर तुरंत एसी, कूलर व पंखा न चलाएं।
- धूप से आकर तुरंत फ्रिज का या ठंडा पानी, आइसक्रीम, शीतलपेय का उपयोग नहीं करें।