पांच प्रतिशत बढ़ोतरी दर वाले शहरों में रात का कफ्र्यू, जिले में औसत करीब 4.5 प्रतिशत
जबलपुर। कोरोना के केस बढऩे के साथ शहर दोबारा रात के कफ्र्यू की ओर शहर बढ़ रहा है। प्रदेश में गुरुवार को कोरोना के नए मामले बढऩे के बाद एक बार फिर लॉकडाउन को लेकर चर्चा छिड़ गई है। इस बीच सरकार ने लॉकडाउन से मना करते हुए ज्यादा संक्रमित शहरों में रात्रिकालीन कफ्र्यू लगाने की अनुमति दी है। अभी पांच प्रतिदिन या उससे ज्यादा कोविड पॉजिटिविटी रेट वाले शहरों में रात का कफ्र्यू लगाया जा रहा है। जिले में कोविड पॉजिटिविटी रेट का औसत करीब साढ़े चार प्रतिशत बना हुआ है। यह रात के कफ्र्यू के मानक के करीब है। आने वाले दिनों में कोरोना के नए केस की संख्या और बढ़ी, तो शहर में भी फिर से रात 10 से सुबह छह बजे के बीच लॉकडाउन रह सकता है।
नमूनों और पॉजिटिव की संख्या पर नजर
कोरोना के सेकेंड पीक की आशंका के बीच संदिग्धों के नमूनों और पॉजिटिव मिल रहे नमूनों की संख्या पर स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन नजर रख रहा है। पॉजिटिविटी रेट से आशय जांच के लिए भेजे जाने वाले नमूने और उसमें पॉजिटिव केस से निकले प्रतिशत से है। यदि वर्तमान में भेजे जा रहे नमूनों के औसत में नए केस की संख्या सौ के करीब पहुंचती है, तो पॉजिटिविटी रेट पांच प्रतिशत तक पहुंच जाएगा।
लापरवाही से बिगड़ सकती है स्थिति
कोरोना के बचाव के तरीके अपनाने में लापरवाही भारी पड़ सकती है। कलेक्टर कर्मवीर शर्मा के अनुसार यह ज्यादा सावधान रहने का समय है। कोरोना से बचाव की प्राथमिक सावधानी में सभी सख्ती रखें। अनावश्यक घर से बाहर न निकलें। बाहर निकलने पर अनिवार्य रूप से मास्क पहनें। दूसरे व्यक्ति से दो गज दूर रहे है। हाथ को बार-बार साबुन से धोते रहें या सेनेटाइज करते रहें।