जबलपुर में रोजगार कार्यालय ने विभागों को भेजा पत्र, जुटाए जा रहे नियमित और आउटसोर्सिंग के आंकड़े
जबलपुर। शासकीय या अशासकीय संस्थानों में जबलपुर जिले में मार्च के महीने कितने लोगों को रोजगार मिला है, इसकी जानकारी शासन ने मांगी है। इसी प्रकार स्वरोजगार प्राप्त करने वाले लोगों की संख्या भी जुटाई जा रही है। जिला रोजगार के माध्यम से यह जानकारी एकत्रित कराई जा रही है। इसके लिए विभाग ने राज्य शासन के तकरीबन 70 विभागों को पत्र लिखा है। सात अप्रैल तक संस्थानों को यह जानकारी रोजगार कार्यालय के पास भिजवानी है। इसी आधार पर आगे की योजना बनेगी। अभी तक रोजगार मेला और स्वरोजगार योजनाओं के जरिए मिलने वाले रोजगार की जानकारी समाहित की जाती थी, लेकिन इसमें संविदा, नियमित, आउटसोर्सिंग के जरिए दी गई नियुक्त्यिों को भी पहली बार शामिल किया गया है। इसके लिए एक से 31 मार्च के बीच की नियुक्तियां चाही गई हैं।
पांच हजार से ज्यादा को रोजगार
जिला रोजगार कार्यालय में मार्च में स्वरोजगार की जो स्थिति सामने आई थी, उसमें करीब 5 हजार 706 लोगों को रोजगार मिला है। इसमें ज्यादातर स्वरोजगार प्रधानमंत्री पथ विक्रेता एवं मुख्यमंत्री पथ विक्रेता योजना के तहत लोगों ने स्वरोजगार शुरू किया। ग्रामीण क्षेत्र में 1190 ओर शहरी क्षेत्र में लगभग 3052 पथ विक्रेताओं ने स्वरोजगार शुरू किया। इसी प्रकार जॉब फेयर के जरिए करीब 1194 लोगों को रोजगार मिला है। जिले में रोजगार कार्यालय में 1 लाख 9 हजार 653 बेरोजगारों का पंजीयन है। इससे प्रतीत होता है कि रोजगार मिलने का शहर में क्या स्तर है। पंजीयन नहीं करवाने वालों को जोड़ा जाए तो वास्तविक आंकड़ा दो लाख तक हो सकता है।
जिले में स्वरोजगार की स्थिति
योजना- लाभान्वित की संख्या
प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम- 43
प्रधानमंत्री शहरी पथ विक्रेता- 3052
मुख्यमंत्री ग्रामीण पथ विक्रेता- 1190
स्व सहायता समूह- 467
स्व-सहायता समूह कैश क्रेडिट लिमिट- 560
सम्मुनत पशु प्रजनन- 12
कुक्कुट इकाई प्रदाय- 66
कड़कनाथ चूजा इकाई प्रदाय- 189
मत्स्य बीज उत्पादन- 120
मछुआ सहकारिता- 07