कलेक्टर ने मृतकों के परिजन को 4-4 लाख रुपए देने के निर्देश
जबलपुर। केमतानी ग्रुप द्वारा बरगी हिल्स में बनाए जा रहे कौशल्या ग्रेंड होटल में हादसे के बाद सरकार ने सोमवार को बड़ी घोषणा की। घटनास्थल पहुंची कलेक्टर छवि भारद्वाज ने होटल के मलबे में दबने वाले मृतकों के परिजन को 4-4 लाख रुपए की सहायता राशि प्रदान करने के निर्देश दिए है। साथ ही दो कमेटी के गठन की घोषणा की है। एक कमेटी दुर्घटना के कारणों का पता लगाएगी। दूसरे समिति शहर में चल रहे सभी भवन निर्माण कार्यस्थलों का निरीक्षण करेगी। गड़बड़ी मिलने पर ठेकेदारों और बिल्डरों पर कार्रवाई होगी।
मौके पर अधिकारी, राजनेता
बरगी हिल्स में निर्माणाधीन बहुमंजिला होटल का स्लैब गिरने और उसमें कई मजदूरों के दबने की सूचना पहुंची मौके पर बड़ी संख्या में अधिकारी पहुंचे। कलेक्टर छवि भारद्वाज, आइजी अनंत सिंह, एसपी सुबोध कुमार, नगर निगम आयुक्त सहित अन्य अधिकारियों ने घटनास्थल में जाकर बचाव कार्यों का जायजा लिया। शाम को राज्यमंत्री शरद जैन और पूर्व विधायक हरेंद्रजीत सिंह भी पहुंचे।
इस बात की होगी जांच
कलेक्टर छवि भारद्वाज ने कहा कि स्थानीय स्तर पर अब एक कमेटी ऐसी होगी जो शहर में काम कर रहे मजदूरों की जांच करेगी। समिति इस बात का पता लगाएगी कि वहां पर काम कर रहे मजदूरों का पंजीयन श्रम विभाग में कराया गया है या नहीं? ऐसे ठेकेदारों और बिल्डरों के खिलाफ सख्त कार्रवाइ की जाएगी जो मजदूरों को बिना पंजीयन काम ले रहे हैं।
बीम के जाल में फंसे मजदूर
प्रारंभिक जांच में सामने आया कि है कि केमतानी ग्रुप के निर्माणाधीन होटल में बीम और स्लैब के लिए बिछाए गए लोहे के जाल के धसकने से हुआ। इस जाल के खिसकने के कारण बीम के लिए कांक्रीट की ढलाई के लिए तैयार किया गया पूरा स्ट्रक्चर भरभराकर नीचे आ गया। नीचे काम कर रहे दूसरे मजदूर घटना की चपेट में आ गए। हालांकि प्रशासन द्वारा मामले की विस्तृत जांच के बाद ही घटना की असली वजह सामने आने की संभावना है।