जबलपुर

15 august: फेेस पेंटिंग में दर्शाया देशप्रेम का रंग, इनकी भी बढ़ी डिमांड

फ्लैग्स, बैज और रिस्ट बैंड रहे युवाओं के मोस्ट डिमांडिंग एसेसरीज, स्वतंत्रता दिवस पर बाजार में भी बढ़ी धूमधाम

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Aug 15, 2017
Independence Day Celebration at jabalpur

जबलपुर। देशभक्ति का जज्बा युवाओं में नहीं दिखेगा तो भला और कहां दिखेगा? देशप्रेम के रंग में युवा पूरी तरह रंग गए हैं। इंडिपेंडेेंस डे सेलिब्रेशन का मूड युवा ब्रिगेड पर पूरी तरह छाया हुआ है। उनके इस मूड ने बाजार में भी खासी गहमागहमी बढ़ा दी।आजादी दिवस को मनाने के लिए युवाओं ने डिफरेंट चीजों की खूब पर्चेजिंग की।


फेस पेंटिंग से किया इजहार
युवाओं में फेस पेंटिंग के जरिए देशप्रेम को दर्शाने का के्रज बढ़ गया है। सोशल मीडिया में फेस पेंटिंग और डिफरेंट एक्सेसरीज को कैरी करते हुए सेल्फी और वीडियो सेल्फी स्टेटस अपलोडिंग की धूम मची हुई है। कॉलेज कैम्पस भी जहां देशभक्ति के रंग नजर आए, वहीं युवाओं की टोलियों ने १५ अगस्त के लिए डिफरेंट तरह के टैटू भी बनवाए। युवाओं की इस देशभक्ति का आलम आजादी दिवस के पूर्व ही शहर में हर कहीं नजर आने लगा था। युवा अन्य लोगों को आजादी का दिन सेलिब्रेट करवाने के लिए तैयार नजर आए। इसके चलते दुकानों में तरह-तरह की चीजें आजादी दिवस से जुड़ी हुई सजी दिखाई दी। इसमें युवाओं के बीच मोस्ट डिमांडिंग फ्लैग्स, बैज और रिस्ट बैंड रहे। इस दौरान युवाओं ने डिफरेंट एक्सेसरीज की खरीदारी भी की।


सोशल मीडिया भी तैयार
देशभक्ति का अनोखा रंग सोशल मीडिया पर छाया रहा। कॉलेज कैम्पस में भी युवाओं की देशभक्ति से जुड़ा माहौल नजर आया। कॉलेज गल्र्स रुचिता, प्रीतिमा, सोनालिका, भावना और अर्पिता ने भी कैम्पस में आजादी दिवस सेलिब्रेट करते हुए फोटोसेशन कराया। ये सभी फोटोग्राफ्स १५ अगस्त पर सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए आजादी का जश्र अपने अंदाज में मनाया गया।


यंग जनरेशन की है ये डिमांड
आजादी की सत्तरवीं वर्षगांठ पर यंग जनरेशन ने देश की तरक्की के लिए अपने आइडियाज भी शेयर किए। अधिकांश युवाओं ने कहा एजुकेशन की इक्वलिटी हर किसी को मिलना चाहिए। करप्शन को खत्म करने के लिए कई प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन इसके बाद भी इस पर पूरी रोक नहीं है। लोगों को खुद प्रयास करना चाहिए। देश आजाद है, लेकिन वैचारिक आजादी से अब तक लोग बंधे हुए हैं। समाज के उत्थान और सही दिशा में बढऩे के लिए एकजुट होना होगा। गल्र्स सेफ्टी को लेकर शहर में कई प्रयास किए हैं, जो सार्थक भी साबित हुए हैं। अपराधों को रोकने के लिएनियमों का पूर्ण उपयोग करना चाहिए। ७० सालों बाद भी लोग अंधविश्वास के गुलाम है। शिक्षा का स्तर बढऩा चाहिए।

Published on:
15 Aug 2017 08:47 am
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