Jabalpur Cruise Tragedy: बरगी बांध में गुरुवार को डूबे क्रूज में सवार लापता पर्यटकों में से रविवार सुबह शुरु हुए सर्च ऑपरेशन में एक 9 वर्षीय मयूरन पिता परिमल के बाद उसके चाचा कामराज का शव भी मिल गया है।
Jabalpur Cruise Tragedy:मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले के बरगी बांध में गुरुवार को डूबे क्रूज में सवार लापता पर्यटकों में से आज रविवार सुबह एक बार फिर शुरु हुए सर्च ऑपरेशन में एक 9 वर्षीय मयूरन पिता परिमल के बाद उसके चाचा कामराज का शव भी रेस्क्यू कर लिया गया है। हादसे के 50 घंटे बाद राहत एवं बचाव दल ने अपना सर्च ऑपरेशन पूरा कर लिया है।
बता दें कि, घटना के बाद से जबलपुर के ही आयुध निर्माणी खमरिया निवासी आर. कामराज और 9 वर्षीय मयूरन लापता थे। तलाश के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीम ने शनिवार सुबह 6 बजे से रेस्क्यू अभियान चला रही थी। लेकिन आज मयबरन का शव सुबह करीब 8 बजे और कामराज का शव 9.50 बजे नर्मदा के पानी में मिला है।
तिरुवेरुम्बुर के पास अन्ना नगर में रहने वाले कामराज ने तिरुची आयुध कारखाने में प्रशिक्षु प्रशिक्षण पूरा किया था। एक साल पहले वो जबलपुर आयुध कारखाने में काम करने लगे थे। उनका 10 वर्षीय बड़ा बेटा पुविथारन जबलपुर के एक स्कूल में कक्षा 6 में पढ़ रहा था। गर्मी की छुट्टियां शुरू हो जाने के कारण उनकी पत्नी करकुझली ने अपने माता-पिता वदिवेल और मरियम्मल, भाभी सौभाग्या और उनके बच्चों इनिया और मयूरन को जबलपुर आमंत्रित किया था।
दुर्घटना में मृत दो महिला पर्यटकों के शव को शनिवार को विशेष विमान से तमिलनाडु ले जाए गए थे। आयुध निर्माणी खमरिया में कार्यरत कामराज अपनी पत्नी, बच्चों, तमिलनाडु से आए माता-पिता, भाई-भाभी एवं अन्य स्वजन के साथ घूमने पहुंचे थे। हादसे के दौरान 10 वर्षीय बेटा पुविथारन लहरों के सहारे किनारे पर आ गया था, जिसे सुरक्षित बचा लिया गया है। लेकिन उसका छोटा बेटा श्रीतमिलवेंदन और भतीजा मयूरन समेत खुद कामरान डूब गए। अब रविवार की सुबह चलाए गए सर्च ऑपरेशन में भतीजे मयूरन के साथ कामराज का शव भी मिल गया है।
एक विमान तकनीकी खामी के कारण शाम तक नहीं पहुंच सका था। इस विमान से मृतक परिवार के अन्य सदस्यों को तमिलनाडु ले जाया जाना है। बरगी बांध क्रूज हादसे में कुल 13 लोगों की मौत हो चुकी है।
बता दें कि गुरुवार शाम को बरगी डैम में पर्यटकों से भरा एक क्रूज तेज आंधी-तूफान के बीच डैम में डूब गया था। इस भयावह हादसे में अब तक 13 लोगों की मौत हो गई है। 28 लोगों की किस्मत अच्छी थी जो उनकी जान बच गई। इस भयावह हादसे के बाद सीएम मोहन यादव ने हादसे की उच्च स्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं, साथ ही सख्त एक्शन लेते हुए क्रूज पायलट महेश पटेल, क्रूज हेल्पर छोटेलाल गोंड एवं टिकट काउंटर प्रभारी (एफओए) बृजेंद्र की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी थी। होटल मैकल रिसॉर्ट और बोट क्लब बरगी के मैनेजर सुनील मरावी को काम में लापरवाही बरतने पर निलंबित किया था और रीजनल मैनेजर संजय मल्होत्रा को मुख्यालय अटैच कर दिया था।