जबलपुर

सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम से खुलेगी आर्थो, मेडिसिन वार्डों के विस्तार की राह

मरीजों को मिलेगी सुविधा, गॉयनिक विभाग के विस्तार से शुरू हुई प्रक्रिया    

less than 1 minute read
Jan 09, 2024
प्रदेश का पहला विश्वविद्यालय जहां सबकुछ पेपरलेस।

जबलपुर . मेडिकल अस्पताल के नए भवन में सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम लगने से वार्डों के विस्तार की राह खुलेगी। इससे 500 बेड की क्षमता बढ़ेगी। सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम लगने से आर्थोपेडिक, मेडिसिन विभाग का भी विस्तार हो सकेगा। इनमें मरीजों का सर्वाधिक दबाव रहता है। नए सेटअप में 11 नए ऑपरेशन थिएटर मिलने से आर्थोपेडिक जैसे विभागों में सर्जरी के लिए वेटिंग भी खत्म होगी। मरीजों को फ्लोर बेड से भी राहत मिलेगी। उल्लेखनीय है कि हाल ही में गॉयनिक वार्ड के साथ ही विस्तार की प्रक्रिया की शुरुआत हो गई है।

गम्भीर मरीजों का भी लोड

मेडिकल अस्पताल में महाकोशल, विंध्य अंचल के गंभीर मरीजों को भी इलाज के लिए लाया जाता है। इनमें सडक़ दुर्घटनाओं में घायल मरीजों से लेकर गंभीर बीमारी और सर्जरी के मरीज शामिल होत हैं। इसके साथ ही सामान्य बीमारियों से पीडि़त जबलपुर समेत आसपास के जिलों के मरीज भी यहां इलाज के लिए आते हैं। यहां आने वाले मरीजों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। इसे देखते हुए अस्पताल के सेटअप का विस्तार उनके लिए काफी मददगार रहेगा।

ऐसे काम करेगा सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम

सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम चालू होने पर अस्पताल के नए भवन के हर बेड में ऑक्सीजन की सुविधा मिलेगी। ऐसे रोगी जो ऑक्सीजन संबंधी समस्या से ग्रसित होकर आते है और उनको तुरंत ऑक्सीजन लगाने की आवश्यकता होती है। उनके लिए कोई समस्या नहीं रहेगी। मेनीफोल्ड रूम में सिलेंडरों के माध्यम से पाइपों को अस्पताल के हर वार्ड के बेड ऑटोमेटिक सिस्टम से जोड़ा जाएगा।

इनका कहना है

अस्पताल के नए भवन में सेंट्रल ऑक्सीजन सिस्टम लगाया जाना है, ये काम पूरा होते ही आर्थोपेडिक विभाग, मेडिसिन समेत मरीजों के दबाव वाले अन्य विभागों का विस्तार किया जाएगा।

डॉ. अरविंद शर्मा, अधीक्षक, मेडिकल अस्पताल

Published on:
09 Jan 2024 07:23 pm
Also Read
View All