
CG News: कांगेर घाटी स्थित विश्व प्रसिद्ध कुटुमसर गुफा बारिश में देरी के चलते 15 जून के बजाय 1 जुलाई से बंद होने जा रही है। । बंद होने के बाद यह गुफा 1 नवबर को खोली जाएगी जिसके बाद इस गुफा में सैलानी प्रवेश कर सकेंगे। इसके पूर्व मानसून में होने वाले देरी के चलते इसे 15 जून के बजाय बंद करने की अवधि 30 जून तक बढ़ाई गई थी। मानसून के दौरान तीरथगढ़ जलप्रपात और अन्य पर्यटन स्थलों का सौदर्य बढ़ जाता है ऐसे में यहां पहुंचने वाले सैेलानियों के लिए कांगेर घाटी प्रबंधन द्वारा सुरक्षा का पुता इंतजाम किये गये है।
बस्तर के कांगेर घाटी नेशनल पार्क में स्थित इस गुफा की लंबाई 4500 फुट तथा गहराई 60 से 215 फुट तक है। बारिश के दौरान गुफा में आसपास के पहाडियों का पानी इस गुफा के रास्ते अन्दर प्रवेश करता है जिससे इसके भीतर जाना खतरनाक हो सकता है।
बरसात का पानी गुफा के भीतर एक नदी के रूप में पानी बहती है। इस दौरान सैलानियों को जान का खतरा होने के आशंका के चलते प्रति वर्ष इस झरने को बंद कर दिया जाता है। इस गुफा में गहन अंधेरा और अंधी मछलियों के अलावा विशेष प्रजाति के बड़े आकार के झिंगुर भी पाए जाते हैं।
CG News: कांगेर घाटी अपने आप में कई नैसर्गिक पर्यटन स्थलो को समेटे हुए हैं। यहां पर तीरथगढ़ जलप्रपात कि अलावा, शिवगंगा झरना, रानी दरहा, भैसा दरहा, कांगेर धारा के अलावा कांगेरघाटी राष्ट्रीय उद्यान के भीतर चल रहे बैबू राटिंग, कायकिंग सहित अन्य एडवेंचर बारिश के शुरू होने तक जारी रहेंगे। उल्लेखनीय है कि बस्तर में पर्यटन को बढ़ावा देने उद्यान इलाके में बैबू राटिंग, कायकिंग सहित पर्यटकों के लिये ट्रैकिग सहित कई एडवेंचर कार्यक्रम चलाये जा रहे है।