CG News: जगदलपुर से लगे गणपति रिसोर्ट के आगे जंगल में आग लगी हुई है लेकिन इसे बुझाने विभाग का कोई कर्मचारी दिखाई नहीं दिये।
Jagdalpur News: जंगल में लगातार बढ़ रहे मामलों को देखते हुए वन विभाग द्वारा आग की घटनाओं को रोकने के दावे फेल होते नजर आ रहा है। बस्तर के अधिकांश वन क्षेत्रों में आग लगने की खबर हर रोज मिल रही है किन्तु वन विभाग अपनी मनमानी के चलते इन्हें बुझाने गंभीर नजर नहीं दिखाई देती है। आलम यह है कि जगदलपुर से लगे गणपति रिसोर्ट के आगे जंगल में आग लगी हुई है लेकिन इसे बुझाने विभाग का कोई कर्मचारी दिखाई नहीं दिये। यही कारण है कि वनों में आग से लाखों के वन संपदा जलकर राख हो रही है लेकिन विभाग के अधिकारी कर्मचारी कुंभकर्णी नींद में नजर आ रहे हैं।
वन विभाग के दावे सिर्फ हवा हवाई
गर्मियों के दौरान वनों में आग लगने से निपटने किये गये इंतजाम से यही लग रहा है कि विभाग के दावे सिर्फ हवा हवाई है। आग जैसी आपदा से लड़ने वन विभाग ने बड़े स्तर पर फायर कंट्रोल रूम बनाये थे। बस्तर के जिला मुख्यालय में इसके कंट्रोल रूम बनाये गये हैं किन्तु इस जगह पर तैनात अधिकारी कर्मचारी गायब रहते हैं । इसके अलाव कभी फोन किये जाने पर कंट्रोल रूम प्रभारी द्वारा फोन रिसीव भी नहीं किया जाता है।
आग से बचाव वन समितियों के भरोसे
बस्तर में वनों में आग लगने के दौरान बुझाने और सुरक्षा के लिये वन सुरक्षा समितियों की गठन किये जाने की बात कही गई है। वन विभाग द्वारा जंगल में आग लगने के दौरान पूरी जिम्मदारी इन समितियों को दी गई है किन्तु संसाधनों के आभाव में आग लगने की स्थिति में समिति के सदस्य आग बुझा पाने में असमर्थ दिखाई देते हैं। फायर कंट्रोल रूम सेटेलाइट से देखने के अलावा आग बुझाने सक्रिय दिखाई नहीं देता है।