
भोपाल से राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के लिए उड़ान भरने वाली Air India की फ्लाइट AI1886 को तकनीकी खराबी के कारण अचानक जयपुर के सांगानेर इंटरनेशनल एयरपोर्ट की तरफ डायवर्ट करना पड़ा। हवा में उड़ते विमान में अचानक आई तकनीकी खराबी के बाद पायलटों ने सुरक्षा प्रक्रियाओं का पालन करते हुए राजस्थान के जयपुर एयरपोर्ट पर सुरक्षित लैंडिंग कराई। विमान के सुरक्षित उतरते ही ग्राउंड स्टाफ और यात्रियों ने राहत की सांस ली, हालांकि अचानक हुए इस घटनाक्रम से उड़ने वाले यात्रियों में हड़कंप मच गया।
भोपाल से उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद एयर इंडिया के विमान AI1886 के सिस्टम में टेक्निकल अलर्ट मिला। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कॉकपिट क्रू ने बिना कोई जोखिम लिए तुरंत नजदीकी और पूरी तरह तैयार एयरपोर्ट के रूप में जयपुर को चुना। एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) जयपुर से संपर्क साधा गया और प्राथमिकता के आधार पर लैंडिंग की अनुमति मांगी गई।
जैसे ही ATC जयपुर को विमान के डायवर्जन और तकनीकी खराबी की सूचना मिली, एयरपोर्ट पर तुरंत आपातकालीन प्रोटोकॉल लागू कर दिया गया। रनवे पर फायर ब्रिगेड और मेडिकल टीमों को तैनात रखा गया था। हालांकि, पायलटों के अनुभव और सूझबूझ के चलते विमान ने बिना किसी बड़े खतरे के जयपुर के रनवे पर पूरी तरह सुरक्षित लैंडिंग की।
एयरपोर्ट पर उतरने के बाद एयर इंडिया की जयपुर ग्राउंड टीम ने यात्रियों को संभाला। यात्रियों के लिए टर्मिनल एरिया में जलपान और बैठने का प्रबंध किया गया। अचानक हुए इस डायवर्जन के कारण दिल्ली जाने वाले कई यात्रियों के कनेक्टिंग फ्लाइट्स और जरूरी बिजनेस शेड्यूल प्रभावित हुए, जिसको लेकर कुछ समय के लिए यात्रियों में नाराजगी भी देखी गई।
एयर इंडिया के प्रवक्ता ने इस अप्रत्याशित घटनाक्रम पर आधिकारिक बयान जारी करते हुए यात्रियों को हुई असुविधा के लिए खेद जताया है। एयरलाइन ने स्पष्ट किया कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरि है और इसी कारण निर्धारित प्रक्रियाओं के तहत विमान को जयपुर मोड़ा गया। कंपनी ने कहा कि यात्रियों को जल्द से जल्द उनकी मंजिल दिल्ली भेजने के लिए वैकल्पिक इंतजाम किए जा रहे हैं।
हाल के दिनों में उत्तर भारत के हवाई क्षेत्र में उड़ने वाले विमानों का जयपुर डायवर्ट होने का सिलसिला बढ़ा है। जयपुर एयरपोर्ट को दिल्ली और आसपास के शहरों के लिए एक प्रमुख वैकल्पिक इमरजेंसी लैंडिंग हब माना जाता है। फिलहाल एयर इंडिया के इंजीनियर्स विमान में आई खराबी की गहराई से जांच कर रहे हैं और क्लियरेंस मिलने के बाद ही विमान को दोबारा उड़ान की अनुमति दी जाएगी।