जयपुर

हाईकोर्ट ने दिया RPSC के सदस्य रहे बाबूलाल कटारा को बड़ा झटका, 60 लाख में बेचा था शिक्षक भर्ती का पेपर

paper leak case: बाबूलाल कटारा की ओर से कहा कि वह 18 अप्रेल 2023 से जेल में है, जबकि सह आरोपियों को सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट से जमानत मिल चुकी है। आरोप पत्र पेश हो चुका है, लेकिन ट्रायल शुरू नहीं हुई है।
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Aug 13, 2025
Babulal Katara
बाबूलाल कटारा। फाइल फोटो- पत्रिका

जयपुर। हाईकोर्ट ने द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती-2022 पेपरलीक मामले में राजस्थान लोक सेवा आयोग के निलम्बित सदस्य बाबूलाल कटारा को राहत नहीं दी। कोर्ट ने कटारा की जमानत मंजूर करने से इनकार करते हुए कहा कि कटारा ने संवैधानिक पद पर रहते हुए अपराध किया और उस पर लगाए गए आरोप गंभीर हैं। वहीं कटारा के भांजे विजय कुमार डामोर की जमानत मंजूर कर ली।

न्यायाधीश प्रवीर भटनागर ने बाबूलाल कटारा व विजय कुमार डामोर की जमानत याचिकाओं पर सुनवाई की। द्वितीय श्रेणी शिक्षक भर्ती पेपरलीक मामले में कटारा व अन्य के खिलाफ उदयपुर के बेकरिया थाने में मामला दर्ज हुआ।

कटारा की ओर से कहा कि वह 18 अप्रेल 2023 से जेल में है, जबकि सह आरोपियों को सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट से जमानत मिल चुकी है। आरोप पत्र पेश हो चुका है, लेकिन ट्रायल शुरू नहीं हुई है। इसके पूरा होने में लंबा समय लगेगा। ऐसे में जमानत पर रिहा किया जाए।

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सरकार ने किया विरोध

वहीं डामोर ने सह आरोपियों को जमानत मिलने के आधार पर राहत देने की गुहार की। सरकार की ओर से जमानत का विरोध करते हुए कहा कि कटारा ने आरपीएससी सदस्य रहते व्यक्तिगत लाभ के लिए प्रश्नपत्र लीक किया। सरकारी आवास पर सामान्य ज्ञान का प्रश्न पत्र मुख्य आरोपी शेर सिंह को दिया गया। इसके बदले 60 लाख रुपए लिए गए। एसओजी ने कटारा के कब्जे से 51.20 लाख रुपए और 541 ग्राम सोने के जेवरात भी बरामद किए। ऐसे में जमानत नहीं दी जाए।

Updated on:
13 Aug 2025 09:09 pm
Published on:
13 Aug 2025 09:09 pm