अनुसूचित जाति-जनजाति के आह्वान पर बुधवार को भारत बंद के दौरान राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में विरोध प्रदर्शन और बंद का माहौल देखा गया है
जयपुर। अनुसूचित जाति-जनजाति के आह्वान पर बुधवार को भारत बंद के दौरान राजस्थान के विभिन्न हिस्सों में विरोध प्रदर्शन और बंद का माहौल देखा गया है। भरतपुर में रैली और विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए शहर में पुलिस का कड़ा पहरा है, और बाजार पूरी तरह से बंद हैं। अफवाहों के प्रसार को रोकने के लिए जिले में इंटरनेट सेवाएं अस्थाई रूप से बंद कर दी गई हैं।
भरतपुर में सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के एससी-एसटी आरक्षण संबंधी आदेश के खिलाफ शहर के लक्ष्मण मंदिर चौराहा और बिजली घर जैसे प्रमुख स्थानों पर लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। पूरे शहर में पुलिस बल तैनात किया गया है, और कुम्हेर गेट से कलेक्ट्रेट तक के रैली मार्ग पर शांति बनाए रखने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। जिला प्रशासन ने भारत बंद को देखते हुए सभी सरकारी और निजी स्कूलों व कॉलेजों को बंद रखने का आदेश जारी किया है। इसके अलावा, लोहागढ़ स्टेडियम में आयोजित होने वाली सेना अग्निवीर भर्ती को भी स्थगित कर दिया गया है।
डीडवाना कुचामन जिले के नावां शहर में बंद के दौरान लॉकडाउन (lockdown) जैसी स्थिति देखने को मिली। सभी व्यापार मंडलों ने बंद को समर्थन देते हुए अपनी दुकानों को बंद रखने का निर्णय लिया है, जिसके कारण शहर में सन्नाटा पसरा हुआ है। पुलिस प्रशासन ने किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पूरे क्षेत्र में कड़ी निगरानी रखी है।
जोधपुर में भारत बंद का मिला-जुला असर देखा गया। मुख्य शहर और आस-पास के इलाकों में बाजार पूरी तरह से बंद रहे और जालोरी गेट पर समर्थकों ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। हालांकि, जोधपुर में भील और वाल्मीकि समाज ने बंद का समर्थन नहीं किया। पुलिस ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं ताकि किसी भी तरह की अशांति न फैले।
भरतपुर और कुचामन समेत अन्य क्षेत्रों में प्रशासन ने इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी हैं और सरकारी व निजी शिक्षण संस्थानों में छुट्टी घोषित कर दी है। इन कदमों के जरिए अफवाहों के प्रसार को रोकने और शांति बनाए रखने की कोशिश की जा रही है।
भरतपुर में आयोजित हो रही सेना अग्निवीर भर्ती को भी बुधवार के लिए स्थगित कर दिया गया है, जो अब 26 अगस्त को होगी। प्रशासन ने भारत बंद के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए यह निर्णय लिया है।