तीन चौपहिया वाहन, पांच मोबाइल, चार डंडे और एक एयरगन बरामद
जयपुर। दिल्ली हाईवे पर चंदवाजी थाना क्षेत्र में एक हफ्ते पहले देर रात्रि परिवार को बंधक बनाकर कार व अन्य सामान लूटने के मामले में पुलिस ने अन्तरजिला गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से पांच मोबाइल, चार डंडे, तीन चौपहिया वाहन और एक एअर गन बरामद की। पुलिस गिरोह के अन्य चार सदस्यों को तलाश रही है।
जिला पुलिस अधीक्षक जयपुर (ग्रामीण) डॉ. रामेश्वर सिंह ने बताया कि वारदात के बाद टीम गठित कर आरोपियों को पकडऩे की कार्रवाई शुरू की। इसके साथ ही नाकाबंदी, सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल की लोकेशन को ट्रेक करते इस लूट का खुलासा कर दिया। पुलिस ने इस मामले में ब्यावर अजमेर निवासी सिकन्दर शोकीन (20) व विक्रम सिंह (21) और खेतड़ी जिला झुंझुनूं निवासी विकास सिंह उर्फ कालू (22) को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपितों के पहले भी आपराधिक रिकॉर्ड है, जिसे एकत्रित किया जा रहा है। गौरतलब है कि 19 फरवरी की देर रात्रि करीब ढाई बजे दिल्ली से जयपुर की तरफ जाने वाले हाईवे पर रामगंज निवासी कलीम अहमद व उनके परिवार को बंधकर बनाकर लूटा गया था।
इस तरह पकड़े गए आरोपित
पुलिस ने बताया कि अनुसंधान व फोन ट्रेकिंग से मिली सूचना पर टीम को नीमराना, बहरोड़, जैतारण व ब्यावर के लिए रवाना किया गया। इसके बाद शनिवार को पुख्ता सूचना पर जोधपुर के थाना क्षेत्र बासनी से आरोपित सिकन्दर और विकास उर्फ कालू को गिरफ्तार किया गया। साथ ही इनके पास से वारदात में काम में ली गई गाड़ी व पीडि़त के मोबाइल जब्त किए गए। आरोपितों की निशानदेही पर ब्यावर के उदयपुर चुंगी नाका के पास छिपाकर खड़ी की गई पीडि़त की गाड़ी भी बरामद की गई। इसके बाद चंदवाजी क्षेत्र में निम्स यूनिवर्सिटी के सामने से नाकाबंदी में तीसरे आरोपित विक्रम सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
इस तरह करते वारदात
पुलिस ने बताया कि आरोपित चुराई हुई गाडिय़ों से घटना को अंजाम देते हैं। ये हाईवे पर लोगो के वाहनों के आगे और पीछे अपना वाहन लगाकर रोकते थे। फिर उनको लूटकर भाग जाते थे।