
भ्रष्टाचार निवारण की विशेष अदालत ने अभनपुर की तत्कालीन महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी सुशीला उर्फ सुनीता बाखला को चार वर्ष के कारावास और एक लाख रुपए जुर्माने की सजा सुनाई है।

अधिकारी के ड्राइवर वीरेंद्र उर्फ सतीष वर्मा को भी एक वर्ष की जेल और दो हजार रुपया जुर्माने का दंड मिला है। महिला अधिकारी को विभाग पहले ही निलंबित कर चुका है।