जयपुर

रीट मामले में मुख्यमंत्री बोले हर गलती कीमत मांगती है, जिसने गलती की, उसे कीमत चुकानी पड़ेगी

रीट परीक्षा पेपर लीक मामले को लेकर प्रदेश में सियासत तेज है और दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों पर राज्य सरकार लगातार कार्यवाही कर रही है। इसको लेकर अब मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि रीट परीक्षा रद्द करने में दो मिनट लगेंगे पर लाखों युवाओं के भविष्य का सवाल है...
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Jan 30, 2022
रीट मामले में मुख्यमंत्री बोले हर गलती कीमत मांगती है, जिसने गलती की, उसे कीमत चुकानी पड़ेगी
रीट मामले में मुख्यमंत्री बोले हर गलती कीमत मांगती है, जिसने गलती की, उसे कीमत चुकानी पड़ेगी

जयपुर।
राज्य के चर्चित रीट पेपर लीक मामले में राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डी पी जारौली की बर्खास्तगी और दो एसोसिएट प्रोफेसरों के सस्पेंशन के बाद अब मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा है कि हर गलती कीमत मांगती है, जिसने गलती की, उसे कीमत चुकानी पड़ेगी। रीट परीक्षा रद्द करने में दो मिनट लगेंगे, लेकिन लाखों परिक्षार्थियों के ‌भविष्य के बारे में सोचना पड़ता है।


मुख्यमंत्री गहलोत रविवार को शहीद दिवस पर सचिवालय में गांधी की प्रतिमा पर पुष्पाजंलि कार्यक्रम के बाद मीडिया से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि हर गलती कीमत मांगती है। 20 साल पहले जब मैं मुख्यमंत्री बना तो मेरे इस वक्तव्य को एक मैग्जीन ने कोट भी किया था। मुख्यमंत्री के इस बयान से लग रहा है कि इस मामले में अभी और कुछ बड़े लोगों पर सख्य कार्यवाही हो सकती है।


हर राज्य में बन चुकी गैंग
मुख्यमंत्री ने कहा कि हर राज्य में ऐसी गैंग बन चुकी है। बिहार, यूपी के अलावा मध्यप्रदेश में भी व्यापमं घोटाले की गैंग बनी थी। ये गैंग देश में बेरोजगारी के कारण बन रही हैं। बेरोजगारी के चलते भ्रष्टाचार बढ़ा है। सरकार ने जानकारी सामने आते ही एसओजी को जांच सौंप दी थी और बहुत कम समय में वो कर दिखाया जिसकी किसी को उम्मीद नहीं थी। नेता प्रतिपक्ष गुलाबचंद कटारिया भी एसओजी की जांच की तारीफ एक दिन पहले कर चुके हैं। हम इस मामले में कई लोगों को बर्खास्त और सस्पेंड कर चुके हैं। कुछ और लोगों के नाम आ रहे हैं, उनसे पूछताछ चल रही है। उनकी भी मिलीभहत मिली तो बर्खास्त की कार्यवाही होगी।

गड़बड़ी रोकने को विधानसभा में लाएंगे
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं में गड़बड़ी की नौबत नहीं आए। इसके लिए हाईकोर्ट के पूर्व जज की कमेटी बनाई है, ताकि भविष्य में ऐसी नौबत न आए। सरकार अगले विधानसभा सत्र में नकल और पेपर लीक मामलों के खिलाफ सख्त कानूनी प्रावधान करने के लिए बिल लेकर आ रही है। इससे किसी की इस प्रकार की गड़बड़ी करने की हिम्मत नहीं हो।

भाजपा नेता अच्छे सुझाव दें, दुबारा परीक्षा की मांग करना आसान
मुख्यमंत्री ने विपक्ष को लेकर कहा कि आलोचन करना उनका अधिकार है, लेकिन वे ऐसे सुझाव भी दें, जिससे भविष्य में ऐसी फिर नौबत न आए। केवल आलोचना करना, सीबीआई जांच मांग करना, दोबारा परीक्षा कराने की बात कहना तो बहुत आसान है। इसका फैसला करने में 2 मिनट लगेंगे। लेकिन उसका परिणाम क्या होगा। परीक्षा आगे खिसक गई तो फिर कब होगी। बाकी भर्तियां भी रुक जाएंगी।

1 लाख को दे चुकी नौकरी, 90 की चल रही प्रक्रिया
राज्य सरकार एक लाख से ज्यादा युवाओं को नौकरियां दे चुकी है। 90 हजार से ज्यादा की प्रक्रिया चल रही है। क्या उन भर्तियों को रोक दिया जाए? पहले ही भर्तियां धीमी चल रही थी, जिन्हें हमने ठीक किया है। यह लाखों बेरोजगारों के भविष्य का सवाल है। रीट परीक्षा से 25 लाख बच्चों का भविष्य दांव पर लगा है। 15 से 16 लाख बच्चों ने लेवल-1 और लेवल-2 परीक्षा दी थी। उन पर क्या बीत रही होगी। कुछ केन्द्रीय मंत्री, राज्य में बड़े पदों पर बैठे भाजपा नेता बिना विचार कुछ भी बोल रहे हैं, इससे बच्चों का मनोबल कम होने के साथ भ्रमित किया जा रहा है। भाजपा राज में भी पेपर आउट हुए थे। कांग्रेस ने आंदोलन भी किए,लेकिन तब क्या कार्रवाई हुई। आज कांग्रेस सरकार ने तो जांच शुरू कर आरोपियों को भी पकड़ लिया है।

चलाई जा रही ट्रोल आर्मी...
गहलोत ने भाजपा और आरएसएस पर ट्रोल आर्मी चलाने के आरोप लगाते हुए कहा सोशल मीडिया पर कोई बात लिखो तो ट्रोल आर्मी आक्रमण करने के लिए टूट पड़ती है। यह ट्रोल आर्मी पूरे देश में बनाई गई है। जिसे लाखों-करोड़ों रुपए दिए जाते हैं। आज आलोचना करो या असहमति जता दो, तो देशद्रोही बना दिया जाता है। जिस प्रदेश में चुनाव होते हैं, वहां सीबीआई, ईडी, इनकम टैक्स पहुंच जाती है। गहलोत ने पेगासस जासूसी मामले को लेकर कहा कि यह कोई मामूली मामला नहीं है। केन्द्र सरकार को स्वयं आगे आकर स्पष्टीकरण देना चाहिए।

Published on:
30 Jan 2022 11:17 pm