
जयपुर। तीन से 13 जनवरी तक होने वाली स्कूल व्याख्याता भर्ती परीक्षा की तिथि आगे बढ़ाने की मांग को लेकर टंकी पर चढ़ी अभ्यर्थी रात को भी नहीं उतरी। जगतपुरा स्थित सीबीआई फाटक के पास पानी की टंकी पर शनिवार दोपहर को 5 महिला अभ्यर्थी चढ़ गई थी। वे अपने साथ पेट्रोल भी ले गई और आत्मदाह की धमकी दी। देर रात तक पुलिस और प्रशासन उन्हें उतारने के लिए समझायश करता रहा, लेकिन वे नहीं मानी। अंत में देर रात रस्सी के सहारे उन महिला अभ्यर्थियों को विस्तर और पानी पहुंचाया गया। इस बीच रात को भी अभ्यर्थियों का प्रदर्शन जारी रहा। आज सुबह से ही फिर वही प्रदर्शन शुरू हो गया। सुबह भी पानी की टंकी पर महिला अभ्यर्थी चढ़ी रही। इसके साथ ही उनके समर्थन में करीब 125 प्रदर्शनकारी व अन्य लोग हैं। साथ ही करीब 100 पुलिसकर्मी भी वहां पर मौजूद हैं।
गौरतलब है कि पहले यह प्रदर्शन विश्वविद्यालय में मुख्य गेट पर चल रहा था। उसके बाद प्रदर्शन पिछले कई दिनों से शहीद स्मारक पर चल रहा था। और अब प्रदर्शनकारी जगतपुरा में पानी की टंकी के पास प्रदर्शन कर रहे हैं। वहीं शिक्षा राज्यमंत्री गोविंद सिंह डोटासरा परीक्षा की तिथि नहीं बढ़ाने के लिए पूर्व में कह चुके हैं।
ये है मामला
स्कूल व्याख्याता भर्ती परीक्षा के लिए पांच हजार पदों पर अप्रैल 2018 में विज्ञप्ति जारी की गई थी। विधानसभा चुनाव होने के कारण बेरोजगारों ने आंदोलन किया, इसे देखते हुए सरकार ने 15 जनवरी से 23 जनवरी 2019 तक होने वाली परीक्षा को स्थगित कर दिया। इसके बाद दूसरी बार परीक्षा का संशोधित कार्यक्रम 15 से 25 जुलाई तय किया गया। इसी बीच ईडब्ल्यूएस आरक्षण के कारण ये तिथि फिर स्थगित की गई। आरपीएसस ने अक्टूबर में नए फॉर्म भरवाए, इसमें करीब डेढ़ लाख नए अभ्यर्थियों ने फॉर्म भरे। इसमें अंतिम वर्ष वाले विद्यार्थी भी शामिल हैं। उनका कहना है कि परीक्षा तिथि तक उनका परिणाम नहीं आएगा, ऐसे में वे बिना परीक्षा दिए ही बाहर हो जाएंगे। साथ ही उन्हें पढ़ाई के लिए भी समय नहीं दिया गया है। अब 3 से 13 जनवरी तक ये परीक्षा होना प्रस्तावित है।