
Rajasthan Politics : भजनलाल सरकार हर माह पूरे राजधान में अधिकतम 2 लाख बेरोजगारों को भत्ता देती है। इस पर करीब 60 करोड़ रुपए खर्च होते हैं। पर बीते 7 महीनों से युवा बेरोजगारी भत्ते का इंतजार कर रहे हैं। पर भत्ता नहीं मिला है। इन युवाओं की परेशानी को समझते हुए आरएलपी सुप्रीमो व नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने चिंता जताई और सीएम भजनलाल से अपील की कि रुका हुआ बेरोजगारी भत्ता तत्काल रिलीज करे। इसी मुद्दे पर कांग्रेस के दिग्गज नेता अशोक गहलोत ने सरकार को घेरते हुए कहा कि "मोदी की गारंटी" दम तोड़ती नजर आ रही है।
आरएलपी सुप्रीमो व नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने सोशल मीडिया अकाउंट X पर लिखा कि प्रदेश के करीब 2 लाख युवा बीते 7 महीनों से बेरोजगारी भत्ते का इंतजार कर रहे हैं, जबकि सरकार की योजना के तहत पात्र युवाओं को हर माह आर्थिक सहायता देने का प्रावधान है। दूसरी ओर, कई जिलों में युवाओं को कई महीनों से भुगतान नहीं मिला है।
सांसद हनुमान बेनीवाल ने आगे लिखा कि यह सिर्फ भत्ते की राशि का सवाल नहीं है, बल्कि उन युवाओं के सम्मान और उनके भविष्य का सवाल है, जो रोजगार की तलाश में संघर्ष कर रहे हैं। मैं प्रदेश के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से अपील करता हूं कि राज्य सरकार तत्काल लंबित बेरोजगारी भत्ते का भुगतान करे और सभी पात्र बेरोजगार युवाओं को समय पर भत्ता देना सुनिश्चित करे। सरकार युवाओं को आंकड़ों और घोषणाओं में नहीं, रोजगार और आर्थिक सहारे के रूप में न्याय दे।
कांग्रेस के दिग्गज नेता अशोक गहलोत ने सोशल मीडिया अकाउंट X पर लिखा कि राजस्थान के अलग-अलग जिलों से आ रही इन खबरों से स्पष्ट है कि भाजपा सरकार बेरोजगारी भत्ता योजना को भी बाकी योजनाओं की तरह अनौपचारिक रूप से बंद करने के रास्ते पर है। प्रदेश के करीब 2 लाख बेरोजगार युवा 7 महीने से मुख्यमंत्री युवा संबल योजना के तहत मिलने वाले 4,000 रुपए के भत्ते के लिए तरस रहे हैं, 17 जिलों में तो मार्च तक की ही राशि पहुंच पाई है।
चुनाव से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खुद गारंटी दी थी कि कांग्रेस सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं बंद नहीं होंगी। आज वही "मोदी की गारंटी" दम तोड़ती नजर आ रही है, योजनाओं को औपचारिक रूप से बंद करने की हिम्मत नहीं, इसलिए भुगतान रोककर चुपचाप खत्म किया जा रहा है।
यह लापरवाही नहीं, बेरोजगार युवाओं के साथ खुला विश्वासघात है। जो सरकार खुद प्रधानमंत्री की दी गई गारंटी तक नहीं निभा सकती, वह बेरोजगार हितैषी होने के दावे किस मुंह से करती है? सरकार तुरंत सभी बकाया भत्ते जारी करे और सुनिश्चित करे कि आगे समय पर भुगतान हो।
मुख्यमंत्री युवा संबल योजना के तहत युवाओं को बेरोजगारी भत्ता दिया जाता है। इस योजना के तहत युवाओं को 4,000 रुपए, ट्रांसजेंडर, महिला और दिव्यांगों को 4,500 रुपए प्रति माह भत्ता दिए जाने का प्रावधान है। एक बेरोजगार को भत्ता अधिकतम दो साल या उसको रोजगार मिलने तक ही दिया जा सकता है। योजना के तहत अधिकतम 2 लाख युवाओं को सरकार की ओर से लाभ दिया जाता है।
प्रदेश के इन 17 जिलों में मार्च महीने तक की ही राशि पहुंची है। बारां, भरतपुर, भीलवाड़ा, बीकानेर अजमेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, झालावाड़ा, कोटा, पाली, सवाई माधोपुर, टोंक, उदयपुर, बाड़मेर, जैसलमेर-फलोदी और सलूंबर में मार्च तक की ही राशि पहुंची है। इस वजह से बेरोजगार युवा परेशान हैं। राजस्थान युवा बेरोजगार महासंघ की मांग है कि भत्ते के तहत अधिक से अधिक बेरोजगार युवाओं में शामिल किया जाए।