जयपुर

Dhruv Yoga – भवन निर्माण जैसे स्थिर कार्य में मिलती है सफलता पर इन अस्थिर कामों में होता है नुकसान, जानिए आज जन्म लेनेवालों के गुण—अवगुण

ज्योतिष में जन्म समय के योग जातक के व्यवहार—विशेषता, गुण—अवगुणों के बारे में बहुत कुछ जानकारी दे देते हैं। 02 अक्टूबर 2020 को रात्रि 9 बजकर 12 मिनट तक वृद्धि योग रहेगा. इसके उपरांत व्याधात प्रारंभ हो जाएगा। आप भी जानिए इनमें जन्म लेनेवाले बच्चे आखिर कैसे होंगे!
less than 1 minute read
Oct 02, 2020
Kundli Me Dhruv Yog , Kundli Me Vyadhat Yog , Auspicious Yog In Kundli
Kundli Me Dhruv Yog , Kundli Me Vyadhat Yog , Auspicious Yog In Kundli

जयपुर. ज्योतिष में जन्म समय के योग जातक के व्यवहार—विशेषता, गुण—अवगुणों के बारे में बहुत कुछ जानकारी दे देते हैं। 02 अक्टूबर 2020 को रात्रि 9 बजकर 12 मिनट तक वृद्धि योग रहेगा. इसके उपरांत व्याधात प्रारंभ हो जाएगा। आप भी जानिए इनमें जन्म लेनेवाले बच्चे आखिर कैसे होंगे!

ध्रुव योग
इस योग का स्वामी सूर्य है. ज्योतिषाचार्य पंडित सोमेश परसाई बताते हैं कि ध्रुव योग में जन्मे व्यक्ति स्थिर बुद्धि के स्वामी होते हैं. इस योग में जिसका जन्म होता है वह बहुत धनवान व बलवान होता है. ऐसे लोग दीर्घायु होते हैं. हर काम मन लगाकर करते हैं. जातक अपने प्रयासों से ही आगे बढने वाला होता है.

ऐसा जातक साम—दाम—दण्ड—भेद की नीति पर चलनेवाला होता है हालांकि विख्यात होने के लिए किसी भी हद तक जा सकता है. ऐसे बच्चों की माता बहुत चतुर होती है. अपने परिवार को कम पैसों में भी चला लेती हैं. इन बच्चों की मां संतोषी स्वभाव की होती है. उनको गहनों—कपडों—धन सम्पत्ति से ज्यादा लगाव नहीं होता है.

इस योग में जन्म लोगों को किसी भी स्थिर कार्य जैसे किसी भवन आदि का निर्माण करने जैसे कामों में सफलता मिलती है। कोई भी अस्थिर कार्य जैसे कोई गाड़ी अथवा वाहन आदि खरीदने—बेचने जैेसे काम इनके लिए उचित नहीं होते हैं। ऐसे जातकों के प्रति पिता का लगाव कम होता है. इन्हें सभी का प्यार मिलता है. संतोषी स्वभाव की होती है.

Updated on:
02 Oct 2020 07:50 am
Published on:
02 Oct 2020 07:50 am