राष्ट्रवाद की बयार व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आंधी में अबकी बार समूचे राजस्थान में भाजपा की सुनामी आ गई।
जयपुर। राष्ट्रवाद की बयार व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आंधी में अबकी बार समूचे राजस्थान में भाजपा की सुनामी आ गई। राजस्थान में भाजपा के खाते में 25 में से 24 सीटें आई, एक सीट पर एनडीए के घटक राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के प्रत्याशी हनुमान बेनीवाल जीते। राज्य के लोगों की ओर से दिया गया यह जनादेश वाकई हैरानी भरा रहा।
चुनाव परिणामों में कांग्रेस के कई दिग्गज धराशाही हो गए। इनमें मुख्य रूप से मुख्यमंत्री के पुत्र VAIBHAV GEHLOT का नाम शामिल है। वैभव गहलोत को भाजपा के गजेंद्र सिंह शेखावत ने हराया। सबसे हैरान करने वाली बात ये रही कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का बचपन जहां गुजरा, जिस महामंदिर क्षेत्र में उनका पुश्तैनी घर है, वहां के लोगों ने भी उनका पूरा साथ नहीं दिया।
हालांकि ऐसा नहीं है कि मोदी सुनामी में केवल राजस्थान के सीएम गहलोत के बेटे ही चुनाव हारे। वैभव गहलोत के अलावा भी सीएम और कई पूर्व सीएम के बेटे सीएम चुनाव हार गए। कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी के बेटे निखिल कुमारस्वामी ( Nikhil Kumaraswamy ) मांड्या लोकसभा सीट से चुनाव में पराजित हुए। निखिल कुमारस्वामी को निर्दलीय प्रत्याशी अभिनेत्री सुमनलता अंबरीश ( Sumalatha Ambareesh ) ने एक लाख से अधिक वोटों से शिकस्त दी।
पीडीपी के संस्थापक और जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम रह चुके मुफ्ती मोहम्मद सईद की बेटी व पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती अनंतनाग सीट से हार गईं। इसके अलावा हरियाणा के पूर्व सीएम भूपेंद्र हुड्डा के बेटे दीपेंद्र हुड्डा रोहतक से चुनाव हार गए। हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री ओम प्रकाश चौटाला के बेटे दुष्यंत चौटाला को भी हिसार से चुनाव में हार का सामना करना पड़ा।
कांग्रेस के नौ पूर्व सीएम भी हारे चुनाव
-हरीश रावत
-दिग्विजय सिंह
-शीला दीक्षित
-भूपेंद्र सिंह हुड्डा
-मुकुल संगमा
-सुशील शिंदे
-नवाम तुकी
-अशोक चव्हाण
-वीरप्पा मोइली