
जयपुर ।
राजस्थान के बीजेपी विधायक ज्ञानदेव आहूजा हमेशा ही कुछ न कुछ विवादित बयान देकर विवादों में घिरे रहते है। हाल ही में मुख्यमंत्री और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष के खिलाफ बोलने पर उनका ऑडियो कुछ दिनों पहले वायरल हो गया था। जिसके चलते वह सरकार की नज़रों में फ़िर से आ गए। लेकिन अब विधायक आहूजा के सुर कुछ बदलें-बदलें से नज़र आ रहें हैं। अब आहूजा कहते है कि उनकी किसी से भी कोई दुश्मनी नहीं है।
गौरतलब है कि इस ऑडियो में उपचुनावों में मिली हार के बाद पार्टी विधायक ज्ञानदेव आहूजा कहते हुए सुनाई दे रहे है कि मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष को हटा देना चाहिए, नेतृत्व नहीं बदला तो आगे भी पार्टी ऐसे ही हारती रहेगी। इस वायरल ऑडियो ने राजस्थान की राजनीति में तूफान ला दिया।
कहा नहीं है किसी से भी दुश्मनी
आहूजा ने विधानसभा में पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि वह सिर्फ पार्टी कार्यकर्ता से बात कर रहे थे। यह बात कार्यकर्ता तक ही सीमित रहनी चाहिए थी। साथ ही कहा कि उनकी किसी से भी कोई दुश्मनी नहीं है। लोगों ने इस ऑडियो को अन्यथा ले लिया।
इस विवादित बयान के बाद भी घिर चुके है ज्ञानदेव आहूजा
इससे पहले ज्ञानदेव आहूजा अपने बयानों को लेकर विवादों के घेरे में घिर चुके है। कुछ समय पहले जेएनयू को लेकर भी एक बयान दिया था. उन्होंने कहा था कि जेएनयू में रोजाना बीयर की बोतलें, शराब की बोतलें, सिगरेट के टुकड़े, बीड़ी, चिप्स के पैकेट, उपयोग किए गए कंडोम और गर्भपात के इंजेक्शन मिलते हैं। इस बयान को लेकर भी बहुत बिवाद हुआ था।
भूत प्रेत के सवाल पर ये बोले आहूजा
आजकल विधानसभा में सत्र के साथ-साथ एक और नया मुद्दा चल रहा है की विधानसभा में भूत प्रेत है। भूत प्रेत को सही बताते हुए आहूजा बोले कि हनुमान जी मेरे दोस्त, जो हमेशा मेरे साथ रहते हैं। मेरे साथ हमेशा एक अदृश्य शक्ति रहती है। साथ ही कहा कि तत्कालीन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने मंगलवार को इस विधानसभा में प्रवेश किया था। वह वार सही नहीं था।