
जयपुर। भाजपा की पहली सूची में कुछ मंत्रियों और विधायकों के नाम नहीं आने के बाद अब पार्टी में बगावत के सुर तेज हो गए हैं। भाजपा से दौसा सांसद हरिशचंद्र मीना के कांग्रेस में शामिल होने के बाद अब नागौर से विधायक हबीबुर्रहमान बुधवार को कांग्रेस में शामिल हो गए हैं।
कैंपेनिंग कमेटी के चेयरमैन रघु शर्मा ने हबीबुर्रहमान को पार्टी की सदस्यता ग्रहण करवाई। इस दौरान कांग्रेस प्रवक्ता अर्चना शर्मा भी मौजूद रही। सदस्यता ग्रहण के बाद हबीबुर्रहमान ने कहा कि मैंने बिना शर्त कांग्रेस ज्वॉइन की है। आपको बता दें कि बीजेपी प्रत्याशियों की पहली सूची में हबीबुर्रहमान के स्थान पर इस बार नागौर से मोहनराम चौधरी को मौका दिया गया है।
इसके बाद से ही हबीबुर्रहमान पार्टी से नाराज चल रहे थे। हबीबुर्रहमान ने मंगलवार को त्याग पत्र दे दिया था। नागौर से पांच बार विधायक रहे हबीबुर्रहमान तीन बार कांग्रेस और दो बार बीजेपी से विधायक रहे हैं। उनके पिता हाजी उस्मान भी दो बार विधायक रहे हैं।
वहीं इससे पहले दिल्ली में भाजपा से दौसा सांसद हरीश मीणा भी कांग्रेस में शामिल हो गए हैं। मीणा राजस्थान पुलिस के पूर्व डीजीपी हैं। मीणा ने कांग्रेस प्रभारी अविनाश पांडे, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और पार्टी प्रदेश अध्यक्ष सचिन पायलट की मौजूदगी में कांग्रेस ज्वाइन की। चुनाव की तारीख से ऐन पहले दौसा सांसद हरीश मीणा कांग्रेस से नाता जोड़ने के बाद भाजपा के साथ ही इसे अन्य दलों के लिए भी तगड़ा झटका माना जा रहा है।
चर्चाओं पर लगा विराम
राजनीतिक गलियारों में चर्चा थी कि विधायक हबीबुर्रहमान को कांग्रेस का टिकट देने पर स्थानीय कार्यकर्ताओं की नाराजगी झेलनी पड़ सकती है। ऐसे में कांग्रेस भी लम्बे समय से पार्टी में सक्रिय कार्यकर्ताओं की टिकट काटकर खुद को मुश्किल में नहीं डालना चाहती। ऐसे में संभव था कि हबीबुर्रहमान हाल ही गठित खींवसर विधायक हनुमान बेनीवाल की राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (रालोपा) से भी चुनाव लड़ सकते थे। हालांकि हबीबुर्रहमान ने इन चर्चाओं पर विराम लगाते हुए जयपुर में प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में कांग्रेस ज्वाइन कर ली।