
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से राजस्थान में 450 रुपए में एलपीजी गैस सिलेंडर दिए जाने की चुनावी गारंटी' एक बार फिर चर्चा में है। दरअसल, केंद्र की मोदी सरकार ने राज्य सभा में एक सवाल के जवाब में ये साफ़ किया है कि राजस्थान में 450 रुपए में एलपीजी गैस सिलेंडर की घोषणा नहीं की है।
सरकार के इस रुख के अब कई मायने निकाले जा रहे हैं, साथ ही इस वक्तव्य को लेकर तमाम तरह की चर्चाएं होना भी शुरू हो गई है। सरकार की इस प्रतिक्रिया पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी लोग अपनी-अपनी राय रख रहे हैं।
यूपी सांसद ने पूछा था सवाल
यूपी से समाजवादी पार्टी सांसद जावेद अली ने 18 दिसंबर को एक अतारांकित सवाल लगाते हुए सरकार से पूछा कि क्या सरकार ने हाल ही में राजस्थान राज्य में 450 रुपए प्रति सिलेंडर की दर से रसोई गैस सिलेंडर प्रदान करने की कोई घोषणा की है? यदि हां, तो इस ब्यौरा पेश करें, साथ ही बताएं कि क्या सरकार उत्तर प्रदेश राज्य सहित पूरे देश में भी 450 रुपए की दर से रसोई गैस सिलेंडर प्रदान करने का कोई विचार कर रही है?
ये आया हैरान करने वाला जवाब
सपा सांसद के सवाल का जवाब भारत सरकार के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के राज्य मंत्री रामेश्वर तेली ने दिया। जवाब में राज्य मंत्री ने कहा कि भारत सरकार द्वारा राजस्थान में 450 रुपए में गैस सिलेंडर दिए जाने संबंधी ऐसी कोई घोषणा नहीं की है।
सरकार ने दी ये दलील
राज्य मंत्री रामेश्वर तेली ने जवाब में आगे कहा कि भारत अपनी घरेलू एलपीजी खपत के 60% से अधिक का आयात करता है। देश में एलपीजी के मूल्य अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसके मूल्य से जुड़े हुए हैं। सरकार घरेलू एलपीजी के उपभोक्ता के लिए प्रभावी मूल्य को आवश्यकता अनुसार घटाती-बढ़ाती रहती है।
वर्ष 2020-21 से 2022-23 तक की अवधि में औसत सऊदी सीपी (एलपीजी मूल्य निर्धारण के लिए अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क) 415 डॉलर प्रति एमटी से बढ़कर 712 डॉलर प्रति एमटी हो गया है, इसलिए अंतरराष्ट्रीय मूल्य में वृद्धि का भार पूरी तरह से ग्राहकों पर नहीं डाला गया था, जिसके कारण तेल विपणन कंपनियां को घरेलू एलपीजी की बिक्री पर लगभग 28 हज़ार करोड़ रुपए की अल्प वसूली हुई। इसकी भरपाई करने के लिए सरकार ने वित्त वर्ष 2022-23 में तेल विपणन कंपनियों को 22 हज़ार करोड रुपए का एक बारगी मुआवजा अनुमोदित किया था।
पेट्रोलियम राज्य मंत्री ने बताया कि सरकार ने 30 अगस्त 2023 से घरेलू एलपीजी के प्रभावी मूल्य में 200 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर की कमी की है। सरकार 21 मई 2022 से वर्ष 2022-23 और 2023 24 के लिए प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना लाभार्थियों के लिए प्रतिवर्ष अधिकतम 12 रिफिल के लिए 200 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर की निर्धारित राज्य सहायता उपलब्ध करवाने के लिए बजटीय सहायता प्रदान कर रही है। इसके अलावा 5 अक्टूबर 2023 से प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के सभी लाभार्थियों के लिए निर्धारित राज्य सहायता को और बढ़कर 300 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर कर दी गई है। 1 दिसंबर 2023 की स्थिति के अनुसार प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना उपभोक्ताओं के लिए घरेलू एलपीजी का प्रभावी मूल्य 603 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर (दिल्ली में) है।
सरकार की नहीं, भाजपा की थी घोषणा
संसदीय प्रक्रियाओं और राजनीतिक जानकारों की मानें तो विधानसभा चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री भाजपा पार्टी के 'स्टार प्रचारक' थे। उन्होंने चुनावी सभाओं में पार्टी पक्ष में प्रचार करते हुए कई वादे किए और गारंटियां दीं। इस लिहाज़ से चुनाव के दौरान प्रदेशवासियों से किए तमाम वादे और गारंटियां सरकार की नहीं होकर भाजपा पार्टी की हैं।