जयपुर

Rajasthan: जीएसटी राहत सिर्फ कागज़ों पर, रेलवे स्टेशनों पर ओवरचार्जिंग का खेल, पैक्ड फूड आइटम पर मुनाफाखोरी जारी

खानपान की वस्तुओं पर जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) की दर घटने के बावजूद यात्रियों को रेलवे स्टेशनों पर राहत नहीं मिल रही है। जयपुर जंक्शन और गांधीनगर स्टेशन के अधिकतर फूड स्टॉल्स पर आज भी पानी, बिस्कुट और नमकीन जैसे पैक्ड आइटम पुराने दामों पर बेचे जा रहे हैं।
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Nov 08, 2025
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रेलवे स्टेशनों पर फूड आइटम पर ओवरचार्जिंग, पत्रिका फोटो

Overcharging at Railway Stations: जयपुर. खानपान की वस्तुओं पर जीएसटी (गुड्स एंड सर्विस टैक्स) की दर घटने के बावजूद यात्रियों को रेलवे स्टेशनों पर राहत नहीं मिल रही है। जयपुर जंक्शन और गांधीनगर स्टेशन के अधिकतर फूड स्टॉल्स पर आज भी पानी, बिस्कुट और नमकीन जैसे पैक्ड आइटम पुराने दामों पर बेचे जा रहे हैं। इनकी यात्री सोशल मीडिया के माध्यम से शिकायतें कर रहे हैं, पर वेंडरों की मनमानी लगातार जारी है। इसको लेकर राजस्थान पत्रिका रिपोर्टर ने इन दोनों स्टेशनों की पड़ताल की। जिसमें चौंकाने वाले हालात सामने आए। इससे रेलवे की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।

लागू हुई नई दरें, फिर भी पुराना हिसाब

सरकार ने 22 सितंबर से खाने-पीने के पैक्ड आइटम पर जीएसटी दरें घटाई थीं। इसके बाद रेलवे ने यात्रियों को इसका सीधा फायदा देने का निर्णय भी लिया और रेल नीर के दाम घटाए। फिर भी वेंडर पुरानी रेट से ही सामान बेच रहे हैं।

जल्दबाजी का उठाया जा रहा फायदा

ट्रेन में बैठने की जल्दबाजी में यात्री अक्सर पैकिंग पर छपी कीमत नहीं देखते। कुछ यात्रियों को ओवरचार्जिंग का अहसास भी हो तो एक-दो रुपए का फर्क समझकर बात नहीं बढ़ाते। वेंडर इसी मानसिकता का फायदा उठाकर लगातार ज्यादा वसूली कर रहे हैं। गौरतलब है कि, जयपुर जंक्शन से रोजाना 200 से ज्यादा ट्रेनें गुजरती हैं और 80 हजार से एक लाख यात्री यहां से सफर करते हैं। ऐसे में रोजाना बड़ी संख्या में लोगों से इस तरह की वसूली हो रही है।

जयपुर जंक्शन पर 25 पैसे का बहाना

पड़ताल के दौरान जयपुर जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर-1 पर सीढ़ियों के पास स्टॉल से खरीदे गए नमकीन के पैकेट पर 18.75 रुपए अंकित थे, लेकिन वेंडर ने 20 रुपए वसूल लिए। पूछने पर उसने कहा कि, अब 25 पैसे कौन देता है, छुट्टे नहीं हैं। वहीं, दूसरे प्लेटफार्मों पर भी कई वेंडर पानी की बोतलें 14 की जगह 15 रुपए में बेचे रहे थे। कई बोतलों पर पुरानी और नई दोनों रेट छपी होने से यात्री भ्रमित थे।

गांधीनगर स्टेशन पर एक रुपए का बहाना

गांधीनगर स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर-1 पर एक वेंडर ने 14 रुपए अंकित बोतल के 15 रुपए वसूल लिए। जब यात्री ने आपत्ति जताई तो वेंडर बोला, एक रुपए में कौन-सा फर्क पड़ता है। प्लेटफॉर्म नंबर-2 पर भी यही स्थिति रही। यहां ट्रेन के रुकते ही वेंडर पुरानी रेट पर पानी, बिस्कुट और नमकीन बेचते नजर आए।

Updated on:
08 Nov 2025 08:28 am
Published on:
08 Nov 2025 08:28 am