जयपुर

फ्लायर::::पाइपलाइन की हो गई मरम्मत, फिर भी नहीं हो रही है पूरी जलापूर्ति

Jul 19, 2026
Rajasthan

बस्सी. टोंक जिले के निवाई में गत दिनों बीसलपुर बांध परियोजना से चाकसू - बस्सी की ओर आने वाली मुख्य पाइपलाइन टूटने के बाद पांच दिन बाद गत दिवस जलापूर्ति तो शुरू हो गई है, लेकिन हालात अब भी सामान्य नहीं हो पाए हैं। पाइपलाइन दुरुस्त होने के बावजूद बस्सी क्षेत्र में अपेक्षित मात्रा में पानी नहीं पहुंच रहा, जिससे लोगों को राहत के बजाय परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

जानकारी के अनुसार बस्सी क्षेत्र के लिए प्रतिदिन करीब 95 लाख लीटर पानी की आपूर्ति होनी चाहिए, लेकिन 17 और 18 जुलाई को यहां केवल 70-70 लाख लीटर पानी ही पहुंच सका। इससे भी बड़ी बात यह है कि उपलब्ध पानी में से प्रतिदिन करीब 25-25 लाख लीटर पानी दौसा जिले की ओर भेजा जा रहा है। ऐसे में बस्सी और चाकसू क्षेत्र के लिए वास्तविक रूप से उपलब्ध पानी की मात्रा और भी कम हो जाती है।
इसका सीधा असर जल वितरण व्यवस्था पर पड़ रहा है। शहर और कस्बों में नलों में पानी की आवक कम होने से नियमित सप्लाई बाधित हो रही है। कई इलाकों में पर्याप्त दबाव नहीं बनने से घरों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा, जिससे लोगों को वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर निर्भर होना पड़ रहा है।

टैंकरों और कैम्पर पर बढ़ी निर्भरता:::
जल संकट के चलते लोगों को पीने के पानी के लिए बाजार से कैम्पर खरीदने पड़ रहे हैं। वहीं अन्य घरेलू उपयोग के लिए टैंकर मंगवाने की मजबूरी बनी हुई है। मध्यम और निम्न आय वर्ग के लोगों के लिए यह अतिरिक्त खर्च आर्थिक बोझ बनता जा रहा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि पिछले लंबे समय से जलापूर्ति की समस्या बनी हुई है, लेकिन समाधान के ठोस प्रयास नजर नहीं आ रहे। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। कई मोहल्लों में एक दिन छोड़कर पानी दिया जा रहा है, तो कहीं सप्लाई का समय घटा दिया गया है। इससे लोगों की दिनचर्या भी प्रभावित हो रही है।

पूरे साल बनी रहती है समस्या::::
बस्सी और चाकसू क्षेत्र में जल संकट कोई नई बात नहीं है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पूरे साल ही कम जलापूर्ति की समस्या बनी रहती है, जो गर्मी और मानसून के दौरान और अधिक गंभीर हो जाती है। इस बार पाइपलाइन टूटने की घटना ने पहले से चल रही समस्या को और बढ़ा दिया है।

जलदाय विभाग के अधिकारियों का कहना है कि निवाई पम्प हाउस पर कभी बिजली आपूर्ति में कमी आ जाती है, तो कभी तकनीकी खराबी या पाइपलाइन टूटने जैसी घटनाओं से सप्लाई प्रभावित होती है। इन कारणों से नियमित और पर्याप्त जलापूर्ति सुनिश्चित करना चुनौती बना हुआ है। (कासं )

इनका कहना है...
पहले पाइपलाइन टूटने से सप्लाई प्रभावित हुई थी और अब दो दिन से पानी की आवक कम हो गई है। मरम्मत के बाद भी अभी पूरी मात्रा में पानी नहीं आ पा रहा है।
— राकेश कुमार मीना, सहायक अभियंता, बीसलपुर परियोजना, बस्सी
फोटो केप्शन- बस्सी में बीसलपुर परियोजना के प्वाइंट।

Updated on:
19 Jul 2026 06:00 am
Published on:
19 Jul 2026 06:00 am