Rajasthan Tourist Places: प्री-मानसून के समय यदि आप राजस्थान के पर्यटन स्थलों की सैर करना चाहते हैं तो ये खबर पढ़ना आपके लिए जरूरी है। आज हम आपको राजस्थान के उन पांच पर्यटन स्थलों के बारे में बताएंगे, जहां पर जाते ही आप वहां की वादियों के दीवाने बन जाएंगे।
Visit Rajasthan in Pre-Monsoon: गर्मी और प्री-मानसून के बीच लोग चाहते हैं कि वे सुहावने मौसम का मजा जरूर लें। ऐसी जगह घूमने जाएं, जहां मानसून का असली मजा देखने को मिल सके। राजस्थान में कई ऐसी खूबसूरत जगहें हैं, जहां मानसून के समय वहां का मौसम अत्यधिक सुहावना हो जाता है।
ऐसे में अगर आप राजस्थान की कुछ खूबसूरत जगहों पर जाना चाहते हैं तो हम आज पांच पर्यटन स्थलों के बारे में बता रहे हैं। जहां जाकर आपका मन आनंदित हो उठेगा। इन जगहों के बारे में जानते ही आपका मन यहां जाने को बेताब हो उठेगा।
प्री-मानसून की बारिश शुरू होते ही पुष्कर में स्थित अरावली की पहाड़ियां खुशनुमा हो जाती हैं। पुष्कर के कुंड में बरसात का पानी जमा होता है, जो बेहद खूबसूरत लगता है। ऐसी मान्यता है कि इस कुंड में जो स्नान कर लेता है, वह पापों से मुक्त हो जाता है। पुष्कर में आप रंगजी का मंदिर, कैमल सफारी, पुष्कर झील, भगवान ब्रह्मा मंदिर, सावित्री मंदिर और सनसेट प्वाइंट देख सकते हैं।
बताते चलें कि राजस्थान के नेशनल हाइवे पुष्कर से जुड़े हुए हैं। पुष्कर रेल टर्मिनस, अजमेर रेलवे स्टेशन से करीब 11 किलोमीटर की दूरी पर है। सबसे करीब एयरपोर्ट जयपुर है, जो 146 किलोमीटर की दूरी पर है।
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प्री-मानसून के समय माउंट आबू गए बिना आपकी इच्छा पूरी नहीं हो सकती। माउंट आबू हिल स्टेशन पर्यटकों की पसंदीदा जगहों में से एक है। यह शहर अरावली की पहाड़ियों से घिरा हुआ है। यहां मौजूद नक्की झील अपने नीले पानी और साफ-सुथरे वातावरण को लेकर मानसून को और अधिक सुनहरा बना देती है।
माउंट आबू के अलावा अरावली पर्वतों की सबसे ऊंची चोटी गुरु शिखर पर भी घूमा जा सकता है। इस शिखर पर आपको एक सफेद मंदिर दिखाई देगा, जिसमें भगवान दत्तात्रेय की पूजा की जाती है। यहां आप अचलगढ़ का किला, ट्रेवर टैंक, क्रोकोडाइल पार्क, गोमुख मंदिर, टॉड रॉक व्यू पॉइंट, माउंट आबू अभयारण्य और दिलवाड़ा जैन मंदिर घूम सकते हैं।
बता दें कि माउंट आबू उदयपुर एयरपोर्ट से 185 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। माउंट आबू सबसे करीबी रेलवे स्टेशन है, जो शहर से 18 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। माउंट आबू हिल स्टेशन दिल्ली, उदयपुर और जयपुर से होकर आने वाली हाइवे से जुड़ा हुआ है।
बूंदी में स्थित भीमताल झरना देखने के लिए लोग दूर-दूर से आते हैं। बारिश के समय यहां का नजारा बेहद खूबसूरत लगता है। वहीं, तारागढ़ का किला आपको मंत्रमुग्ध कर देगा। पहाड़ियों और नदियों से घिरा बूंदी में मानसून का मौसम मोर और इंद्रधनुष का होता है। खूबसूरत बावड़ियों से युक्त बूंदी, जैत सागर, नवल सागर और दुगारी की खूबसूरत झीलों से भी घिरा हुआ है। यहां आप बूंदी पैलेस, क्षार बाग, रानीजी की बावड़ी, 84 खंभों वाली समाधि, जैत सागर झील, नवल सागर झील, दभाई कुंड और गढ़ पैलेस जा सकते हैं।
बताते चलें कि यहां पहुंचने के लिए आपको दिल्ली, अजमेर और जयपुर समेत कई अन्य शहरों से रोजाना बसें चलती हैं। यहां पहुंचने के लिए निकटतम हवाई अड्डा जयपुर है, जो करीब 208 किलोमीटर दूरी पर स्थित है।
उदयपुर को झीलों की नगरी कहा जाता है। पर्यटक यहां बोटिंग के लिए आते हैं। यहां आप पिचोला झील के पास सिटी पैलेस और झील के बीचों-बीच स्थित लेक पैलेस देख सकते हैं। इसके साथ ही आप ताज का फाइव स्टार होटल भी देख पाएंगे। उदयपुर में जगदीश मंदिर, फतेहसागर झील, सहेलियों की बाड़ी और सुखाड़िया सर्किल घूमने लायक जगहें हैं।
उदयपुर पहुंचने के लिए दिल्ली और राजस्थान के शहरों से रेल और सड़क मार्ग से आसानी से जाया जा सकता है। निकटतम हवाई अड्डा शहर के केंद्र से 25 किमी दूर है, यहां दिल्ली और मुंबई से फ्लाइटें आती हैं।
'सौ द्वीपों का शहर' कहा जाने वाला बांसवाड़ा घूमने के लिए बेहद शानदार जगह है। यहां झील, हरी-भरी हरियाली और पहाड़ देखने लायक हैं। नदी पर बना विशाल माही बांध मानसून के दौरान बहुत ही आकर्षक लगता है। पहाड़ी के नीचे एक गहरी गुफा और रामकुंड चिलचिलाती गर्मी से बचने का एक आकर्षक जगह है। यहां आकर आप आनंद सागर झील, माही बांध, रामकुंड, विठला देव मंदिर, डायबलाब झील और तलवारा मंदिर देख सकते हैं।
बता दें कि बांसवाड़ा पहुंचने के लिए आपको उदयपुर एयरपोर्ट पर उतरना होगा, जो 185 किलोमीटर दूर है। यहां आने के लिए दिल्ली, जयपुर और भरतपुर से बसें चलती हैं। सबसे करीबी रेलवे स्टेशन रतलाम है, जो मध्यप्रदेश में स्थित है।