
जयपुर
अलवर में एक दर्दनाक हादसे ने प्रदेश में रोजगार के हालात पर सवाल खड़े कर दिए हैं। नौकरी न मिलने से परेशान चार युवकों ने ट्रेन के आगे छलांग लगा दी। हादसे में तीन युवकों की मौत हो गई, जबकि एक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को प्राथमिक उपचार के बाद जयपुर रैफर कर दिया। घटना के दौरान दो अन्य साथी भी मौजूद थे। जिनसे पुलिस पूछताछ कर रही है। जिला पुलिस अधीक्षक राजेन्द्र सिंह ने बताया कि रैणी के बहडक़ो कलां हाल फौजी का कुआं रूपबास अलवर निवासी मनोज (24) पुत्र रामभरोसी मीणा, बुचपुरी हाल श्रीराम कॉलोनी मालवीय नगर अलवर निवासी सत्यनारायण उर्फ डूटी (22) पुत्र बुल्याराम मीणा, रैणी के गांव बैरेर हाल शांतिकुंज निवासी रितुराज उर्फ रिषी (17) पुत्र बाबूलाल मीणा और टोडाभीम दौसा के खेड़ी मेघा हाल विवेकानंद नगर निवासी अभिषेक (22) पुत्र शिवदयाल मीणा अलवर में रहकर पढ़ाई कर रहे थे।
एफसीआई गोदाम के समीप रेलवे ट्रैक हादसा
मनोज, सत्यनारायण, रितुराज, अभिषेक और उसके साथी संतोष मीणा व राहुल मीणा मंगलवार शाम को शांतिकुंज स्थित एफसीआई गोदाम के समीप रेलवे ट्रैक के पास जाकर बैठ गए। वहां सिगरेट पीते हुए सभी दोस्त आपस में बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान सामने से ट्रेन आती देख मनोज, सत्यनाराण, रितुराज और अभिषेक ने अचानक दौडक़र ट्रेन के आगे छलांग लगा दी। हादसे मनोज, सत्यनारायण और रितुराज की मौके पर मौत हो गई, जबकि अभिषेक गंभीर रूप से घायल हो गया।
लोग घटनास्थल पर पहुंचे और शवों को तलाशा
यह देख उनके साथी संतोष और राहुल घबरा गए। पहले तो उन्होंने रेलवे ट्रैक पर शव तलाशने का प्रयास किया। उसके बाद उन्होंने सत्यनाराण के भाई सुरेन्द्र व अन्य साथियों को घटना की सूचना दी। इसके बाद लोग घटनास्थल पर पहुंचे और शवों को तलाशा। इसके बाद रात करीब साढ़े 11 बजे अरावली विहार थाना पुलिस को सूचना दी। घायल अभिषेक को निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां से उसे गंभीर हालत में जयपुर रैफर कर दिया। बुधवार सुबह पुलिस ने मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम करा शव परिजनों को सौंप दिए।
रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज, तफ्तीश शुरू
अब तक की पुलिस पड़ताल में सामने आया है कि चारों युवकों ने नौकरी के तनाव को लेकर ट्रेन के आगे छलांग लगाई। मृतकों के साथी राहुल और संतोष से गहनता से पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने घटना के सम्बन्ध में मृतक मनोज के चाचा छोटेलाल मीणा की रिपोर्ट पर मर्ग दर्ज कर तफ्तीश शुरू कर दी है।
हम सब तो मरेंगे, तू भी मरना चाहता है तो बता
हादसे के चश्मदीद राजगढ़ के काली पहाड़ी हाल मालवीय नगर निवासी राहुल पुत्र छोटेलाल मीणा ने बताया कि मंगलवार शाम करीब 6.30 बजे उसके पास सत्यनारायण का फोन आया कि वह एफसीआई गोदाम के समीप पटरियों पर बैठा है, यहां आ जा। वह करीब 15 मिनट में पैदल वहां पहुंचा। सत्यनारायण, मनोज, अभिषेक, रितुराज और संतोष रेलवे पटरियों पर बैठकर सिगरेट पी रहे थे। वह भी उनके साथ सिगरेट पीने लगा। इसी दौरान हंसी मजाक करते हुए सत्यनारायण उससे बोला कि वह जीने से धाप गए हैं। हम सब तो मरेंगे, तू भी मरना चाहता है तो बता।
प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे थे युवक
नौकरी लगेगी नहीं और खेतों में काम हमसे होगा नहीं, तो जी कर क्या करेंगे, दूसरों को तकलीफ ही देंगे। इतने में सामने से जयपुर-चण्डीगढ़ ट्रेन आई और अचानक चारों ने ट्रेन के आगे छलांग लगा दी। मनोज और सत्यनारायण स्नातक थे और अलवर में किराए पर रहकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे थे। रितुराज उर्फ रिषी अलवर के एक निजी कॉलेज में बीए प्रथम वर्ष का छात्र था। वहीं, हादसे में गंभीर घायल अभिषेक 12वीं पास है और रेलवे की तैयारी कर रहा है।