
जयपुर।
राजस्थान में इस वर्ष आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर 27 सितंबर को मतदाता सूचियों का अंतिम प्रकाशन कर दिया जाएगा। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अश्विनी भगत ने बुधवार को शासन सचिवालय में मतदाता सूचियों के द्वितीय विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्य अर्हता तिथि गत एक जनवरी के क्रम में मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ आयोजित बैठक में यह जानकारी दी।
भगत ने बताया कि मतदाता सूचियों के प्रारूप का प्रकाशन आगामी 31 जुलाई को किया जाएगा और 31 जुलाई से 21 अगस्त तक दावे और आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी। उन्होंने बताया कि राजनीतिक दलों के बूथ स्तरीय अभिकर्ताओं के साथ दावे और आपत्तियों के आवेदन प्राप्त करने के लिए 12 और 19 अगस्त को विशेष तिथियां भी रखी गई हैं। इसके बाद 27 सितंबर को मतदाता सूचियों का अंतिम प्रकाशन कर दिया जाएगा और वही मतदाता सूची चुनाव में काम ली जाएगी।
उन्होंने मतदाता सूचियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम में राजनीतिक दलों की सक्रिय भूमिका की जरुरत बताते हुए कहा कि उन्हें मतदाता सूचियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम में सक्रिय सहयोग कर पात्र व्यक्तियों के ज्यादा से ज्यादा नाम मतदाता सूचियों में जुड़वाकर लोकतंत्र के उत्सव में अपनी भूमिका निभानी चाहिए।
उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम के संदर्भ में राज्य के सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को दिशा निर्देश दिए जा चुके है। उन्होंने यह भी कहा कि विभाग की ओर से इस कार्यक्रम के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार के पूरे प्रयास किए जा रहे है। विभाग का प्रयास है कि अर्हता तिथि गत एक जनवरी को जो भी पात्र व्यक्ति 18 वर्ष की आयु के हो गए हैं, उन सबका नाम मतदाता सूची में शामिल किया जाए।
भगत ने कहा कि इस बार चुनाव की थीम सुगम मतदान रखी है। उन्होंने कहा प्रदेश में 10 लाख से ज्यादा दिव्यांग हैं। इनमें से पांच लाख से ज्यादा दिव्यांगों को निर्वाचन विभाग ने पंजीकृत कर लिया है बाकी को भी जोडऩे के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि पिछले विधानसभा में 17 हजार से ज्यादा दिव्यांगों ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया था।
उन्होंने बताया कि राज्य के विभिन्न जिला मुख्यालयों पर गत 18 जून से ईवीएम की एफएलसी का कार्य बीईएल, बैंगलुरु के इंजीनियर्स द्वारा कराया जा रहा है, जो कि आगामी 31 जुलाई तक पूरा करा लिया जाएगा। उन्होंने सभी प्रतिनिधियों से इसमें शामिल होने और निरीक्षण करने का आग्रह भी किया।