Rajasthan Assembly: नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने स्पीकर पर पक्षपात का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि स्पीकर का झुकाव सत्ता पक्ष की ओर ज्यादा है।
Rajasthan Assembly: राजस्थान विधानसभा में शुक्रवार को विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली के बीच जोरदार बहस हो गई। उसके बाद कार्रवाई एक घंटे के लिए स्थगित कर दी गई। दरअसल टीकाराम जूली ने गुरुवार को हुए हंगामे के बाद मीडिया को दिए बयान में देवनानी को धृतराष्ट्र बता दिया था।
शुक्रवार को देवनानी ने शून्यकाल में आपत्ति जताते हुए कहा कि आपको पसंद नहीं तो मेरे खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ले आइए। इस पर जूली बोले, जरूरत पड़ी तो लाएंगे। ऐसे में देवनानी भड़क गए और उन्होंने जूली को अविश्वास प्रस्ताव लाने की चुनौती दे डाली। देवनानी ने कहा कि तो क्या आप आसन को धृतराष्ट्र कहेंगे। मुझे आपने धृतराष्ट्र कहा, आसन के प्रति इस तरह की टिप्पणी शर्मनाक है। इस पर माफी मांगनी चााहिए। मैं यह आरोप बर्दाश्त नहीं करूंगा।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने स्पीकर पर पक्षपात का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि स्पीकर का झुकाव सत्ता पक्ष की ओर ज्यादा है। आपका हमें अधिक संरक्षण मिलना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि स्पीकर सत्तापक्ष के मंत्रियों को छूट दे रहे हैं। सत्तापक्ष के मंत्रियों की ओर से असंसदीय शब्दों का प्रयोग किया जा रहा है। हम आसन का सम्मान करते हैं, लेकिन हम चाहते हैं आसन सभी पक्षों को समान भाव से देखें। जूली ने कहा कि सत्ता पक्ष सदन में हिंदू मुस्लिम की बात करना चाह रहे हैं। जाति धर्म की बात करना चाह रहे हैं। कौन लोग हैं जो देश को तोड़ना चाहते हैं, हम इनसे पूछना चाहते हैं। इस पर संसदीय कार्यमंत्री जोगाराम पटेल ने भी स्पीकर पर आरोप लगाने को गलत बताते हुए कहा कि विपक्ष सदन को नहीं चलने दे रहा है।