Rajasthan Budget: राजस्थान सरकार को बजट के लिए पहली बार एक लाख से अधिक सुझाव मिले हैं। जिनमें ओपीएस जारी रखने के साथ ही ग्रेड-पे, वेतन विसंगति और वेतन-भत्तों से जुड़ी समस्याओं के समाधान से सम्बन्धित सुझाव हैं।
जयपुर। प्रदेश की भजनलाल शर्मा सरकार पर पहले बजट में युवाओं व कर्मचारियों से संबंधित घोषणाओं को लेकर दबाव अधिक है। राज्य सरकार के बजट के लिए आए सुझावों में से 66 फीसदी से अधिक कर्मचारियों के ग्रेड-पे सहित वेतन-भत्तों से जुड़ी अन्य समस्याओं से सम्बन्धित हैं, जबकि लगभग हर पांचवां सुझाव रोजगार और भर्तियां अधिक से अधिक कराने को लेकर आया।
राज्य सरकार ने प्रदेश के बजट को लेकर 27 मई से 20 जून तक आमजन सहित विभिन्न वर्गों से सुझाव मांगे थे। इस पर करीब 1 लाख 67 हजार सुझाव आए। राज्य सरकार को बजट के लिए पहली बार एक लाख से अधिक सुझाव मिले हैं, सुझाव ऑनलाइन आने के कारण यह प्रदेश में डिजिटल क्रांति को बढ़ावा मिलने का भी संकेत है।
राज्य सरकार को सबसे अधिक करीब 1 लाख 11 हजार सुझाव कर्मचारियों से सम्बन्धित मिले हैं, जिनमें ओपीएस जारी रखने के साथ ही ग्रेड-पे, वेतन विसंगति और वेतन-भत्तों से जुड़ी समस्याओं के समाधान से सम्बन्धित सुझाव हैं। कर्मचारियों से सम्बन्धित मुद्दों के बाद रोजगार व सरकारी भर्तियों को लेकर सुझाव अधिक आए हैं, जिनमें युवाओं का जुड़ाव दिख रहा है। बजट को लेकर आए सुझावों में से करीब 37 हजार रोजगार और भर्तियों से सम्बन्धित बताए जा रहे हैं। बजट को लेकर जयपुर स्थित सचिवालय में भी इन दोनों वर्गों से मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने संवाद किया।
करीब 18 हजार सुझाव इन्फ्रा व सुविधाओं को लेकर: राज्य सरकार को मिले करीब 18 हजार सुझाव ऊर्जा, स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि व सामाजिक कल्याण आदि से जुड़े बताए जा रहे हैं। इनमें सुविधाओं के विस्तार और नवाचार से जुड़े विषय शामिल हैं।
वित्त विभाग को ऑनलाइन मिले इन सुझावों को सम्बन्धित विभागों को भेजा गया है। विभागवार इन सुझावों के आधार पर प्रस्ताव तैयार करने का काम चल रहा है। उधर, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने उपमुख्यमंत्री एवं वित्तमंत्री दिया कुमारी व विभिन्न विभागों के मंत्रियों की मौजूदगी में 8 अलग-अलग वर्गों के प्रतिनिधियों से बजट को लेकर संवाद किया, जिनमें आए सुझावों पर भी सम्बन्धित विभाग मंथन कर प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं।